Shivaji Statue Collapse: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने तटीय कोंकण क्षेत्र के मालवण किले में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा गिरने की घटना के लिए बुधवार को महाराष्ट्र के लोगों से माफी मांगी है। अजित पवार ने लातूर जिले में जन सम्मान यात्रा के दौरान एक जनसभा में कहा, चाहे अधिकारी हों या ठेकेदार, दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। शिवाजी महाराज हमारे देव हैं। मैं उनकी प्रतिमा गिरने के लिए महाराष्ट्र के 13 करोड़ लोगों से माफी मांगता हूं। इस दौरान अजित पवार ने कहा कि अनावरण के एक साल के भीतर प्रतिमा का गिरना चौंकाने वाला है।
बता दें, पिछले साल चार दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा इस प्रतिमा का अनावरण किए जाने के महज आठ महीने बाद यह प्रतिमा सोमवार को गिर गई। इसके बाद इस प्रतिमा के निर्माण कार्य के ठेकेदार के खिलाफ एक प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी लोक निर्माण विभाग की शिकायत के बाद दर्ज की गई, जिसमें दावा किया गया कि प्रतिमा का निर्माण खराब गुणवत्ता का था तथा प्रतिमा में प्रयुक्त नट-बोल्ट में जंग लगा था।
सरकार बनवाएगी इससे भी बड़ी प्रतिमा
महाराष्ट्र में शिवाजी की प्रतिमा गिरने पर सियासी बवाल शुरू हो गया है। विपक्ष ने शिंदे सरकार पर हमला बोला है, जिसके बाद उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस सामने आए और उन्होंने उसी जगह पर नई प्रतिमा स्थापित करने का ऐलान किया। फडणवीस ने सोमवार को कहा कि उनकी सरकार उसी जगह पर उससे भी विशाल प्रतिमा स्थापित कराएगी।
नौसेना ने बनवाई थी प्रतिमा
इसके साथ ही देवेंद्र फडणवीस ने विपक्ष के इस आरोप को भी निराधार बताया कि प्रतिमा का निर्माण राज्य सरकार की ओर से किया गया था। उन्होंने दावा कि यह प्रतिमा नौसेना द्वारा बनवाई गई थी। उन्होंने कहा था कि प्रतिमा के निर्माण और स्थापना के लिए जिम्मेदार लोगों ने महत्वपूर्ण स्थानीय कारकों जैसे कि तीव्र हवा गति और इसमें इस्तेमाल लोहे की गुणवत्ता को नजरअंदाज कर दिया होगा। समुद्र से उठने वाली हवाओं के संपर्क में आने के कारण प्रतिमा में जंग लगने का खतरा अधिक होगा।
