Delhi Pollution Latest News: दिल्ली और आसपास के इलाकों में शनिवार (चार नवंबर, 2023) को भी आसमान में धुंध की चादर छाई रही। वायु प्रदूषण की समस्या से निपटने को लेकर राष्ट्रीय राजधानी के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने केंद्रीय पर्यावरण मंत्री से ‘‘सक्रिय’’ होने की अपील की। एक रोज पहले यानी शुक्रवार (तीन अक्टूबर, 2023) को उन्होंने कहा कि न सिर्फ राष्ट्रीय राजधानी, बल्कि समूचा उत्तर भारत प्रदूषण की चपेट में है।
दिल्ली की वायु गुणवत्ता शुक्रवार को सुबह ‘‘अत्यधिक गंभीर’’ श्रेणी में चली गई थी। (फाइल)
राय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में दावा किया कि शहर में जो पॉल्यूशन है, उसका सिर्फ 31% हिस्सा स्थानीय स्रोतों से है। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) दिल्ली में इस प्रदूषण के लिए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को जिम्मेदार ठहरा रही है, पर उत्तर प्रदेश और हरियाणा में खराब वायु गुणवत्ता के लिए वह जिम्मेदार नहीं हैं। ऐसा नहीं लगता कि दिल्ली में कोई केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय भी है।
आगे स्वतंत्र थिंक टैंक ‘सेंटर फॉर साइंस एंड एनवायरमेंट’ के अध्ययन का हवाला देते हुए वह बोले- राष्ट्रीय राजधानी में 69 प्रतिशत वायु प्रदूषण पड़ोसी राज्यों से आता है। बकौल राय, ‘‘हम (दिल्ली) समस्या से निपटने के लिए हरसंभव कदम उठा रहे हैं लेकिन कोई नहीं जानता कि उत्तर प्रदेश और हरियाणा के पर्यावरण मंत्री क्या कर रहे हैं।’’
उन्होंने आगाह किया कि समूचे दिल्ली-एनसीआर के लिए अगले 15 दिन अहम है। सभी राज्य सरकारों को चौकन्ना रहना चाहिए और वायु प्रदूष्ण से निपटने के लिए एक साथ मिलकर काम करना चाहिए। सरकार को फीडबैक मिला है कि संबंधित विभागों की ओर से गठित वायु प्रदूषण निगरानी दल जमीनी स्तर पर उचित तरीके से काम नहीं कर रहे हैं।
