LIVECyclone Biparjoy Status, Tracker LIVE Updates: चक्रवात के बाद गुजरात में बारिश, खोले गए द्वारकाधीश मंदिर के कपाट

Cyclone Biparjoy Status, Tracker LIVE Updates: चक्रवात के बाद गुजरात में बारिश, खोले गए द्वारकाधीश मंदिर के कपाट
Cyclone Biparjoy Live Tracker, Route, Map, Location, Speed LIVE News in Hindi: अरब सागर से उठा चक्रवात बिपरजॉय गुरुवार शाम को गुजरात के सौराष्ट्र एवं कच्छ क्षेत्र में टकराया। इससे भारी तबाही हुई है। ताजा जानकारी के अनुसार चक्रवात की चपेट में आने से 22 लोग घायल हुए और 940 गांव अंधेरे में डूब गए। इसके उत्तर पूर्व की ओर बढ़ने और कमजोर होकर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है। इसका असर राजस्थान पर भी देखने को मिल रहा है। राजस्थान के दो जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। चक्रवात के तट से टकराने के बाद 100 किलोमीटर के ज्यादा रफ्तार से तेज हवाएं चलीं और समुद्र में ज्वार उठे। चक्रवात से होने वाले नुकसान को कम करने के लिए सरकार ने व्यापक कदम उठाए हैं। तटवर्ती इलाकों से 1 लाख से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया।
चक्रवात के बारे में जानें सब कुछ
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हम एक बड़ी आपदा से लड़ने में सक्षम हुए हैं- सीएम भूपेंद्र पटेल
गुजरात CM भूपेंद्र पटेल ने कहा कि हम एक बड़ी आपदा से लड़ने में सक्षम हुए हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और अन्य एजेंसियों ने चक्रवात से होने वाली किसी भी क्षति से बचाव के लिए अथक प्रयास किया। प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में यह संभव हुआ। मैं राज्य की जनता का उनके सहयोग के लिए आभारी हूं।
खोले गए द्वारकाधीश मंदिर के कपाट
गुजरात के गृह मंत्री हर्ष सांघवी ने कहा कि आज शाम 5 बजे द्वारकाधीश मंदिर के कपाट खोले गए। चक्रवात से पहले लोगों को शरणस्थलों में शिफ्ट किया गया था और अब जहां भी पेड़, बिजली के खंभे गिरे हैं उसका सर्वे किया जा रहा है। रात से ही इसपर काम शुरू हो चुका है।
मांडवी में तेज बारिश, सड़कों पर जलभराव
गुजरात के कच्छ के मांडवी में चक्रवात बिपरजॉय के प्रभाव से तेज बारिश हो रही है। सड़कों पर जलभराव देखने को मिल रहा है।
गुजरात में करीब 80000 बिजली के खंभे गिरे
गुजरात सरकार में एंव आपदा प्रबंधन प्रभारी ऋषिकेश पटेल ने कहा कि हमने 54,000 लोगों को शेल्टर होम में आश्रय दिया था और करीब 80,000 बिजली के खंभे गिरे हैं, सबस्टेशन आदि में खराबी आने की वजह से विद्युत प्रणाली को नुकसान पहुंचा है। PGVCL के कर्मचारी कच्छ में विद्युत प्रणाली की बहाली के लिए कार्यरत है। चक्रवात से किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई है और करीब 71 पशुओं की जान गई है।
उत्तर-पूर्व की ओर बढ़ा चक्रवात बिपरजॉय
आईएमडी के महानिदेशक डॉ मृत्युंजय महापात्र ने कहा कि चक्रवात बिपरजॉय उत्तर-पूर्व की ओर बढ़ गया है और अब यह गुजरात के कच्छ जिले में धोलावीरा के पास स्थित है। चक्रवात की तीव्रता थोड़ी कम हुई है, अब यह 80-90 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाला चक्रवाती तूफान है।
'तटवर्ती इलाकों को पहुंचा ज्यादा नुकसान'
गुजरात के कच्छ में टकराने के बाद सुपर साइक्लोन बिपरजॉय अब पाकिस्तान होकर राजस्थान की तरफ बढ़ रहा है। इस चक्रवात ने गुजरात के तटवर्ती इलाकों में बदंरगाहों, मकानों और पेड़ों के साथ दूसरे इंफ्रास्ट्रचर को काफी ज्यादा नुकसान पहुंचाया है।
मांडवी में भारी बारिश से बुरा हाल
गुजरात में दस्तक देने के बाद चक्रवाती तूफान बिपरजॉय ने काफी तबाही मचाई है। मांडवी में भारी बारिश से बुरे हालात बने हुए हैं। लगातार हो रही बारिश के कारण कई इलाको में जलभराव की समस्या बन गई है। साथ ही कई घरों में भी पानी जाने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
राजस्थान के कई जिलों में एसडीआरएफ तैनात
इस बीच प्रशासन ने भारी बारिश से प्रभावित लोगों के बचाव के लिए जयपुर, कोटा, भरतपुर, उदयपुर, अजमेर, जोधपुर और बीकानेर में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की आठ और किशनगढ़, अजमेर में एनडीआरएफ की एक कंपनी को तैनात किया है।
राजस्थान में तेज हवाएं चलने का अनुमान
मौसम विभाग ने राजस्थान में 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना व्यक्त की हैं। दक्षिण राजस्थान में 16 जून को दोपहर तक 60 किलोमीटर प्रति घण्टे की रफ्तार से तेज हवायें चलने का अनुमान है। विभाग ने 17 जून को बाड़मेर और जोधपुर जिलों के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है। इसी के साथ भीलवाडा, करौली, सवाईमाधोपुर, सीकर, टोंक, बीकानेर, नागौर में तेज गरज के साथ वर्षा और तेज हवाएं चलने का अनुमान है।
Cyclone Biparjoy LIVE Tracking: राजस्थान के जालोर-बाड़मेर में भारी बारिश
बिपरजॉय का असर राजस्थान के कुछ इलाकों में भी देखने को मिला जहां जालोर और बाड़मेर जिले में कई जगह भारी बारिश हुई है। मौसम विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि बृहस्पतिवार रात कुछ स्थानों पर 60-70 मिलीमीटर बारिश हुई है और आज भी इन दोनों जिलों और इनके आसपास के इलाकों में अत्यधिक भारी बारिश होने का अनुमान है।अधिकारी ने बताया कि जालोर में आज सुबह तक 69 मिमी बारिश हो चुकी है और बारिश जारी है।
13 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आगे बढ़ा चक्रवात
गुजरात तट के पास पहुंचने के दौरान चक्रवात 13 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आगे बढ़ा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने बताया कि इस दौरान हवा की गति 115-125 किलोमीटर प्रति घंटे से 140 किलोमीटर प्रति घंटा थी। प्रशासन ने बताया कि बृहस्पतिवार शाम तक उसने आठ तटीय जिलों में रहने वाले 94,000 से अधिक लोगों को अस्थायी आश्रय स्थलों में भेजा है। अधिकरियों ने बताया कि राहत एवं बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के अलावा सेना, वायुसेना, नौसेना और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों को तैनात किया गया।
Cyclone Biparjoy LIVE Tracking: कमजोर पड़ा चक्रवात
सौराष्ट्र-कच्छ क्षेत्र में तबाही मचाने वाले चक्रवाती तूफान ‘बिपारजॉय’ की तीव्रता गुजरात के तटीय इलाकों में पहुंचने के कुछ घंटों बाद कम होकर ‘बेहद गंभीर’ से ‘गंभीर’ श्रेणी में आ गई है। एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। अधिकारी ने बताया कि चक्रवात उत्तर पूर्व की ओर बढ़ गया है और यह कमजोर पड़ गया है। उन्होंने बताया कि शाम तक यह दक्षिण राजस्थान के ऊपर दबाव के क्षेत्र में तब्दील हो जाएगा।
गुजरात : सामने आ रहीं तबाही की तस्वीरें
चक्रवात बिपरजॉय के गुजरात तट से टकराने के बाद धीरे-धीरे तबाही की तस्वीरें सामने आ रही हैं। नलिया में पेट्रोल पंप तबाह हो गया है। मांडवी में कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए हैं जबकि भावनगर में मवेशियों को बचा रहे पिता-पुत्र की मौत हो गई। जगह-जगह वृक्ष एवं बिजली के खंभे गिरे हैं। इसके चलते 940 गांवों में बिजली आपूर्ति रोकी गई है।
मांडवी शहर में गुल रही बिजली
मांडवी शहर में पूरी तरह से बिजली गुल रही। तेज हवाओं के कारण जखौ-मांडवी रोड के साथ-साथ मांडवी शहर में कई पेड़ उखड़ गए। जिला कलेक्टर अमित अरोड़ा ने कहा, "अभी तक किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।" उन्होंने कहा, "हवा की गति बहुत तेज है। अभी हर जगह बारिश हो रही है। लेकिन स्थिति नियंत्रण में है।" उन्होंने संवाददाताओं से कहा, "हमें मामूली नुकसान हुआ है जैसे 200 बिजली के खंभे उखड़ गए हैं, 250 पेड़ उखड़ गए हैं और हमने एहतियात के तौर पर पांच तहसीलों में बिजली आपूर्ति काट दी है।"
गुजरात : पिता-पुत्र की मौत
गुजरात में ‘बिपारजॉय’ चक्रवात के कारण हो रही तेज बारिश के बीच भावनगर में बृहस्पतिवार को एक उफनते नाले में फंसी अपनी बकरियों को बचाते समय एक व्यक्ति और उसके बेटे की मौत हो गई। चक्रवात के बृहस्पतिवार को कच्छ जिले में दस्तक देने के बाद भावनगर सहित गुजरात के कई हिस्सों में काफी बारिश हुई है। वहीं कच्छ जिले में चक्रवाती तूफान के कारण तेज हवा चली और भारी बारिश हुई, जिससे सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया। जिले में बड़ी संख्या में पेड़ उखड़ गए, कई इलाकों में बिजली गुल हो गई और समुद्र के पास निचले इलाकों में पानी भर गया।
पश्चिम रेलवे ने चक्रवात के मद्देनजर 23 और ट्रेन रद्द कीं
पश्चिम रेलवे ने ‘बिपारजॉय’ चक्रवात के मद्देनजर अगले तीन दिन एहतियात के तौर पर कुछ और ट्रेन रद्द करने की बृहस्पतिवार को घोषणा की। भीषण चक्रवाती तूफान ‘बिपारजॉय’ ने बृहस्पतिवार शाम को गुजरात के कच्छ तट पर दस्तक दी। पश्चिम रेलवे की एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि उसने ऐहतियात के तौर पर 23 और ट्रेन रद्द कर दी हैं। इसके अलावा तीन ट्रेन को गंतव्य पर पहुंचने से पहले ही रोक दिया है जबकि सात अन्य ट्रेन उनके तय स्टेशन की जगह दूसरे स्टेशन से चलाई जाएंगी। विज्ञप्ति में कहा गया है कि चक्रवात के कारण अब तक 99 ट्रेन रद्द की गई हैं, 39 ट्रेन को उनके गंतव्य से पहले ही रोक दिया जाएगा, जबकि 38 ट्रेन को उनके तय स्टेशन के बजाय दूसरे स्टेशन से चलाया जाएगा।
22 लोगों के घायल होने की खबर
चक्रवात तूफान की चपेट में आने से गुजरात में 22 लोगों के घायल होने की खबर है जबकि 940 गांव अंधेरे में डूब गए हैं। मौसम विभाग ने अपने ताजा अपडेट में कहा है कि गंभीर चक्रवाती तूफान बिपरजॉय सौराष्ट्र-कच्छ क्षेत्र के ऊपर बना हुआ है। यह नालिया से 30 किलोमीटर उत्तर में है। इसके उत्तर पूर्व की ओर बढ़ने और कमजोर होकर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है। इसका असर राजस्थान पर भी देखने को मिल रहा है। राजस्थान के दो जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है।
भारी बारिश की चेतावनी के मद्देनजर राजस्थान में सभी इंतजाम पूरे: गहलोत
राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि बिपरजॉय चक्रवाती तूफान के प्रभाव के कारण राज्य में भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए सभी इंतजाम कर लिये गये हैं। गहलोत ने कहा कि उन्होंने कल मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक, मौसम विभाग और अन्य संबंधित अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दे दिये हैं। गहलोत ने भरतपुर में संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि कल एक समीक्षा बैठक कर नागरिक सुरक्षा और आपदा प्रबंधन के लोगों के दलों का गठन कर दिया गया है। घबराने की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि बाड़मेर और जालौर जिलों में चक्रवात के प्रभाव को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। मौसम विभाग के अनुसार, चक्रवात के कारण जोधपुर और उदयपुर संभाग में 16 और 17 जून को भारी बारिश होने की संभावना है। विभाग के अनुसार, 16 जून को जैसलमेर, बाड़मेर, जालोर और जोधपुर के आसपास के इलाकों में और 17 जून को जोधपुर, उदयपुर और अजमेर संभाग के आसपास के इलाकों में 60 से 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।
गुजरात के गृह राज्य मंत्री ने नुकसान के बारे में बताया
गुजरात के गृह राज्य मंत्री हर्ष सांघवी ने बताया कि चक्रवात ‘बिपारजॉय’ के गुरुवार शाम को गुजरात में कच्छ के तट से टकराने के बाद तेज हवाएं चलने के कारण देवभूमि द्वारका जिले में पेड़ उखड़े गए, जिसकी चपेट में आकर तीन लोग घायल हुए हैं। उन्होंने बताया कि कच्छ जिले के जखौ और मांडवी कस्बों के पास कई पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए, जबकि घर के निर्माण में इस्तेमाल होने वाली टिन की चादरें उड़ गईं। सांघवी ने कहा कि शाम सात बजे तक चक्रवात संबंधी घटनाओं के कारण मौत की कोई खबर नहीं है। उन्होंने कहा कि देवभूमि द्वारका जिले में पेड़ गिरने से तीन लोगों को चोटें आई हैं, जिनका इलाज किया जा रहा है। गुजरात पुलिस, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल और सेना के दल द्वारका के अलग-अलग हिस्सों में उखड़े पेड़ों और बिजली के खंभों को हटाने का काम कर रहे हैं।
कच्छ और सौराष्ट्र तटों के आसपास तेज हवाओं के साथ भारी बारिश
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने कहा कि अरब सागर में 10 दिनों तक छाये रहने के बाद चक्रवात ‘बिपारजॉय’ ने गुजरात के कच्छ जिले में जखौ बंदरगाह के नजदीक दस्तक दे दी है और इसके टकराने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसने कहा कि यह प्रक्रिया मध्यरात्रि तक पूरी होगी। चक्रवात के कारण कच्छ और सौराष्ट्र तटों के आसपास तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हुई, जिसके चलते एजेंसियों को सतर्क रखा गया है। आईएमडी के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्रा ने कहा कि घने संवहनी बादलों के कच्छ और देवभूमि द्वारका जिलों में प्रवेश के बाद चक्रवात के टकराने की प्रक्रिया शुरू हुई। यह मध्य रात्रि तक पूरी होगी।