Rajouri Terror Attack: जम्मू-कश्मीर के पुंछ सेक्टर में आतंकियों ने घात लगाकर सेना के काफिले पर हमला कर दिया। इस हमले में पांच जवान शहीद हो गए तो 3 गंभीर रूप से घायल हो गए। इस आतंकी हमले के बाद रक्षा सूत्रों ने बड़ा खुलासा किया गया है। रक्षा सूत्रों का कहना है कि पाकिस्तान घाटी में आतंक को फिर से एक्टिव करने की कोशिश कर रहा है। इसके लिए उसने 25 से 30 आतंकियों की घुसपैठ कराई है, जो रजौरी-पुंछ सेक्टर के वन क्षेत्रों में छिपे हुए हैं।
घाटी में आतंक को एक्टिव कर रहा पाकिस्तान
सेना को संदेह है कि इस क्षेत्र में आतंकवादी गतिविधियों को पुनर्जीवित करने की योजना के निशारे पर लद्दाख सेक्टर है। दरअसल, चीन से मुकाबला करने के लिए सेना ने लद्दाख में भारी मात्रा में सैनिकों की तैनाती की है। हालांकि, पाकिस्तान रजौरी और पुंछ में आतंक को एक्टिव कर लद्दाख सेक्टर से सैनिकों को हटाने और इस क्षेत्र में बलों को फिर से तैनात करने के लिए दबाव डालने की कोशिश कर रहा है। ,
2020 में पुंछ से हटाकर लद्दाख में हुई थी तैनाती
बता दें, 2020 में भारत-चीन सीमा पर बढ़े तनाव के बाद भारतीय सेना ने राष्ट्रीय राइफल्स की यूनिफ़ॉर्म फोर्स को पुंछ सेक्टर से लद्दाख में स्थानांतरित कर दिया था। तब से वहां पर बड़ी मात्रा में सैनिकों की तैनाती है, जिससे चीन पर दबाव डाला जा सके। रक्षा सूत्रों का कहना है कि अब पाकिस्तान और चीन ने गठजोड़ किया है, जिससे भारतीय सेना पर जम्मू-कश्मीर सेक्टर से बाहर न निकलने और चीन सीमा पर सैनिकों को तैनाती नहीं करने का दबाव डाला जा सके।
25 से 30 आतंकियों की हुई घुसपैठ
सूत्रों ने कहा कि लगभग 25-30 पाकिस्तानी आतंकवादी सुरक्षा बलों पर हमले करने के लिए पुंछ राजौरी सेक्टर के ऊपरी इलाकों में जंगली इलाके में छिपे हुए हैं। जब से यूनिफ़ॉर्म फोर्स लद्दाख ऑपरेशन के लिए रवाना हुई है, पाकिस्तान ने भारतीय सैनिकों के खिलाफ हमले करने के लिए पाकिस्तान से अपने आतंकवादियों को क्षेत्र में भेजना शुरू कर दिया है, जिससे भारत को क्षेत्र में अपने सैनिकों को फिर से तैनात करने के लिए मजबूर किया जा सके। बता दें, भारतीय सेना ने हाल ही में आतंकवादी गतिविधियों का मुकाबला करने के लिए एक और ब्रिगेड को तैनात किया था और क्षेत्र में सफलता हासिल की है।
