BRICS Summit 2026: ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए शुक्रवार को दिल्ली पहुंचे, जहां उनका भव्य स्वागत हुआ। ईरानी राष्ट्रपति पेजेशकियान आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे। इस दौरान दोनों के बीच द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा होगी।
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान
बकौल राष्ट्रपति पेजेशकियान की यह पहली भारत यात्रा है। यह इसलिए भी अहम है, क्योंकि यह अमेरिका की ओर से ईरान के खिलाफ नए दंडात्मक आर्थिक उपाय लागू करने के बाद पश्चिम एशिया में व्यापक तनाव के बीच हो रहा है।
पेजेशकियान ने ट्रंप को चिढ़ाया
पेजेशकियान ने नई दिल्ली रवाना होने से पहले कहा कि ब्रिक्स समूह के सदस्य देशों को अपनी आर्थिक मजबूती बढ़ाने पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि ब्रिक्स के तहत एक विशेष बैंक का गठन किया गया है और सदस्य देशों के बीच निवेश बढ़ाने पर चर्चा होगी। उन्होंने कहा कि इससे देशों के बीच लेन-देन को डॉलर पर निर्भरता के बिना आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी और अमेरिकी डॉलर के जरिए पैदा होने वाले एकतरफावाद को कम किया जा सकेगा।
भारत की मेजबानी में शनिवार से शुरू हो रहे दो दिवसीय ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में खाद्य, ऊर्जा, स्वास्थ्य, आपदा जोखिम न्यूनीकरण और महत्वपूर्ण आपूर्ति शृंखलाओं के क्षेत्रों में सामूहिक क्षमता मजबूत करने पर जोर दिए जाने की संभावना है। नई दिल्ली का प्रयास है कि मौजूदा भू-राजनीतिक परिस्थितियों से निपटने के लिए ब्रिक्स एक प्रभावी मंच साबित हो।
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नई दिल्ली में यह शिखर सम्मेलन ऐसे समय में हो रहा है जब वैश्विक अर्थव्यवस्था रूस-यूक्रेन युद्ध, पश्चिम एशिया संकट, खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य की नाकेबंदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व वाले प्रशासन की व्यापार एवं शुल्क नीतियों के प्रतिकूल प्रभावों से जूझ रही है।
