पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सी वी आनंद बोस को सॉल्ट लेक स्टेडियम में प्रवेश से कथित तौर पर रोक दिया गया। राज्यपाल ने इसे अपने संवैधानिक पद का अपमान करार देते हुए संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब किया है। फुटबॉल दिग्गज लियोनेल मेसी के GOAT इंडिया टूर के पहले चरण के दौरान कोलकाता में सॉल्ट लेक स्टेडियम में हुए दर्शकों के हंगामे के कुछ घंटो बाद ही वे वहां के हालात देखने पहुंचे थे।
बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस
स्टेडियम के बाहर पत्रकारों से बातचीत में बोस ने कहा कि मैं किसी जगह को देखे बिना रिपोर्ट नहीं लिखता… मेरी रिपोर्ट आधी तैयार है। मैं खुद जाकर ‘ग्राउंड जीरो’ पर हालात देखना चाहता हूं। उन्होंने कहा कि वह अधिकारियों को गेट खोलने का एक और मौका दे रहे हैं। इस दौरान उन्होंने बिना नाम लिए सत्ता पक्ष पर आरोप लगाए । उन्होंने कहा कि क्या बंगाल अपने राज्यपाल के साथ ऐसा व्यवहार करता है? राज्यपाल कोई रबर स्टैंप नहीं है। उन्होंने इस घटना को “संवैधानिक प्राधिकरण की भयावह उपेक्षा बताया।
कल फिर स्टेडियम जाएंगे राज्यपाल बोस
इस दौरान राज्यपाल बोस ने कहा कि वह कल फिर स्टेडियम आएंगे और पूरे मामले की गहराई से जांच करेंगे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यह व्यक्तिगत अपमान नहीं है,बल्कि राज्यपाल के संवैधानिक पद का अपमान है। अगर कोई जानबूझकर राज्य के संवैधानिक प्रमुख से सच्चाई छिपाने की कोशिश कर रहा है,तो वह गलतफहमी में है।
उन्होंने आगे कहा कि अगर सच्चाई राज्यपाल से छिपाई जा सकती है,तो यह सिर्फ हिमखंड का सिरा हो सकता है। मैं मामले की तह तक जाकर सच सामने लाऊंगा।
'कोलकाता के खेल प्रेमियों के लिए काला दिन'
इससे पहले दिन में राज्यपाल बोस ने इस घटना को कोलकाता के खेलप्रेमियों के लिए काला दिन बताया था। उन्होंने आयोजकों को पूरी तरह जिम्मेदार ठहराते हुए उनकी गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे और पुलिस पर भी सरकार,जनता और मुख्यमंत्री को निराश करने का आरोप लगाया था। लोक भवन के एक अधिकारी ने बताया कि राज्यपाल इस बात से खासे नाराज थे कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को भी अव्यवस्था के कारण मेसी से मिलने के लिए बीच रास्ते से ही लौटना पड़ा।
अव्यवस्था से नाराज दर्शकों ने कर दिया था हंगामा
बता दें कि आज दिन में साल्ट लेक स्टेडियम में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई,जब दर्शकों मेसी को देख नहीं सके। इससे नाराज होकर उन्होंने स्टेडियम में तोड़फोड़ की और आयोजकों पर गंभीर कुप्रबंधन के आरोप लगाए। दर्शकों का कहना था कि वीआईपी व्यवस्था के कारण उन्हें मेसी को ठीक से देखने नहीं दिया गया।
वहीं, पुलिस ने कार्यक्रम के मुख्य आयोजक सतद्रु दत्ता को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने घटना की जांच के लिए उच्चस्तरीय समिति गठित करने की घोषणा की है।
