गुजरात के स्थानीय निकाय चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रदर्शन को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पार्टी की जीत को बड़ी सफलता बताया है। उन्होंने कहा कि गुजरात में तीन स्थानीय निकायों के चुनाव में BJP ने कुल 104 सीटों में से 90 सीटों पर जीत हासिल की। शाह ने इस परिणाम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति राज्य के मतदाताओं के समर्थन का संकेत बताया और कांग्रेस पर निशाना साधा।
अमित शाह
अमित शाह ने कहा कि उनके संसदीय क्षेत्र में आने वाले गांधीनगर नगर निगम में BJP ने 44 में से 38 सीटें जीतीं। साथ ही उन्होंने यह भी दावा किया कि पिछले चुनाव की तुलना में गांधीनगर नगर निगम में BJP का वोट शेयर 10 प्रतिशत बढ़ा है।
गांधीनगर में BJP को 38 सीटें मिलने का दावा
गुजरात निकाय चुनावों के नतीजों पर प्रतिक्रिया देते हुए अमित शाह ने कहा कि BJP ने तीन निकायों में कुल 104 सीटों में से 90 सीटों पर जीत दर्ज की है। शाह ने कहा कि गांधीनगर में BJP की सीटों और वोट शेयर में हुई बढ़ोतरी राज्य में पार्टी के समर्थन को दर्शाती है। उन्होंने इस प्रदर्शन को नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के प्रति गुजरात के मतदाताओं के भरोसे से जोड़कर पेश किया।
AAP पर भी अमित शाह का निशाना
अमित शाह ने आम आदमी पार्टी (AAP) के चुनावी प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए दावा किया कि पार्टी ने सभी 32 सीटों पर उम्मीदवार उतारे थे, लेकिन किसी भी सीट पर उसके उम्मीदवार अपनी जमानत नहीं बचा सके। शाह ने कहा कि गुजरात के मतदाताओं ने BJP के पक्ष में मजबूत समर्थन जताया है।
कांग्रेस पर राहुल गांधी का नाम लेकर हमला
केंद्रीय गृह मंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए राहुल गांधी का नाम लिया। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस गुजरात में पिछले 41 वर्षों से कोई चुनाव नहीं जीत पाई है और पार्टी की आखिरी जीत 1985 में हुई थी। शाह ने कहा कि मैं ये बात कांग्रेस तक पहुंचाना चाहता हूं 41 साल के बाद भी गुजरात में कांग्रेस एक भी चुनाव नहीं जीत पायी है। शाह ने कहा कि एक बहुत बड़े सूबे में जहां आपका हमेशा शासन रहता था,वहां 41 साल से एक भी चुनाव आप नहीं जीते, ये इनके लिए आत्मनिरीक्षण का बहुत बड़ा विषय है।
उपचुनाव का भी दिया उदाहरण
शाह ने कहा कि हाल ही में हुए उपचुनाव कांग्रेस के लिए सबक है। उन्होंने कहा कि मैं आज देश की जनता को ये भी बताना चाहता हूं,पश्चिम बंगाल,तमिलनाडु और पुडुचेरी के चुनाव में कांग्रेस को एक भी सीट प्राप्त नहीं हुई। नौगांव में भारतीय जनता पार्टी का प्रत्याशी 1,42,000 वोट से जीता,जो सिटिंग सीट कांग्रेस पार्टी के पास थी, भारतीय जनता पार्टी ने छीन ली है। शाह ने आगे कहा कि नंदीग्राम में भाजपा का प्रत्याशी 76% वोटों के साथ 1,22,000 वोट की लीड के साथ जीता है। पश्चिम बंगाल रेजीनगर में भाजपा 75,000 से अधिक वोट से जीती है, हमने तृणमूल से ये सीट छीनी है और पुदुचेरी में एनडीए के एलाई एआईएनआरसी 8,482 वोट से हमारा प्रत्याशी जीता है।
राजस्थान-त्रिपुरा का उदाहरण दे कसा तंज
अपने संबोधन के दौरान गृहमंत्री शाह ने राजस्थान का भी उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि राजस्थान में भी जो स्थानीय इकाई के चुनाव निकाय के चुनाव हुए, उसमें भारतीय जनता पार्टी की प्रचंड विजय हुई है। नगर निगम में 90% नगर निगम भारतीय जनता पार्टी ने कब्जे किए हैं। नगर परिषद में 66% नगर परिषद भारतीय जनता पार्टी ने कब्जे की है और नगर पालिकाओं में 65% नगर पालिका में भारतीय जनता पार्टी का प्रचंड विजय हुआ है। यह चुनाव राहुल गांधी के लिए सबक है। और राजस्थान में आम आदमी पार्टी ने 85% से अधिक वार्डों में अपनी जमानत जब्त की है।
शाह ने आगे कहा कि मैं राहुल गांधी जी को यह भी बताना चाहता हूं कि हमने त्रिपुरा में ग्राम समिति के जो चुनाव हुए उसमें 4600 सीटों में से 3248 सीटें और 900 सीटें। कुल मिलाकर 77.5% मत हिस्सेदारी के साथ एनडीए लगभग-लगभग 4000 से ज्यादा सीटों पर जीतने में कामयाब हुई है और 4600 सीटों में से कांग्रेस पार्टी को सिर्फ 14 सीटें मिले हैं। उन्होंने कहा कि जो लोग ईवीएम का हवाला देते हैं,उनको यह भी मैं बताना चाहता हूं कि यह चुनाव बैलेट पेपर के साथ हुए हैं,जो बैलेट कम मशीन भाजपा को चुनाव जिताता है, वो तर्क को भी सिरे से खारिज करता है।
शाह ने कहा कि कांग्रेस पार्टी की नेगेटिव पॉलिटिक्स उन्हें फायदा नहीं करेगी। त्रिपुरा में 33 साल से कांग्रेस पार्टी का मुख्यमंत्री जीत नहीं पाया है, बंगाल में 54 साल से कांग्रेस पार्टी को कोई जीत हासिल नहीं हुई है। बंगाल, त्रिपुरा, गुजरात हमेशा कांग्रेस पार्टी तीन-तीन दशक, चार-चार दशक, पांच-पांच दशक से हारी है।
राहुल से सवाल क्या ये हार SIR का परिणाम है?
शाह ने कहा कि मैं राहुल गांधी जी को सीधा पूछना चाहता हूं कि क्या यह एसआईआर का परिणाम है? एसआईआर तो 24 के बाद चालू हुआ। आप जब से कांग्रेस के मुख्य नेता के रूप में आए हैं और बाद में अध्यक्ष के रूप में आए हैं, लीडर अपोजिशन के रूप में आए हैं, कांग्रेस पार्टी लगातार चुनाव हारी। आपको आत्मचिंतन करने की जरूरत है। फैब्रिकेटेड मीडिया इवेंट, झूठ की गूंज कर-कर आप देश की जनता का विश्वास हासिल नहीं कर सकते।
'हालिया विरोध प्रदर्शन पर भी भड़के शाह'
इस दौरान अमित शाह ने दिल्ली में हुए हालिया विरोध प्रदर्शनों को लेकर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि इंडिया गठबंधन की पूरी 14 पार्टी का कैडर इकट्ठा कर के और डेढ़ किलोमीटर के क्षेत्र में 8000 लोगों की भीड़ इकट्ठी करके आप देश की आवाज नहीं बन सकते हो। उन्होंने कहा कि देश की आवाज खेत खलियानों में, गांवों में, दूर सुदूर पहाड़ियों पर, जंगलों में और नदियों के किनारे भी है, आपकी वहां कोई रीच नहीं है।
'भारत की जनता आपके झांसे में आने वाली नहीं'
देश के कई सूबे ऐसे हैं, बिहार हो, उत्तर प्रदेश हो, तमिलनाडु हो, उसको देश की जनता भली-भांति समझ चुकी है और अब भारत की जनता आपके झांसे में आने वाली नहीं है। राहुल जी और उनके साथियों को मैं ये भी बताना चाहता हूं कि 29 में प्रचंड हार के लिए फिर से एक बार मन बना लीजिए। 2029 के आम चुनावों में एनडीए प्रचंड बहुमत के साथ जीत कर आने वाला है और कांग्रेस की फिर से एक बार लगातार चौथी बार हार होने वाली है। इस देश की जनता नरेंद्र मोदी जी के साथ है, बीजेपी के साथ है, एनडीए के साथ है। इस सत्य को आप झुठला नहीं सकते। आज मैं फिर से एक बार त्रिपुरा, राजस्थान, गुजरात, बंगाल और आसाम की जनता का भारतीय जनता पार्टी की ओर से हृदय से धन्यवाद करना चाहता हूं।
