Air India : देश के कई एयरपोर्ट पर चेक-इन में असर पड़ा है। एयर इंडिया ने अपने एक बयान में कहा है कि ऐसा थर्ड पार्टी सिस्टम में तकनीकी खामी आने की वजह से हुआ है। इसकी वजह से कई एयरपोर्ट पर एयर इंडिया सहित अन्य विमान कंपनियों की उड़ान में देरी हो रही है। यात्रियों को चेक-इन में असुविधा न हो, इसे सुनिश्चित करने के लिए एयरपोर्ट पर टीमें लगातार काम कर रही हैं। जैसा कि सिस्टम धीरे-धीरे बहाल हो रहा है, ऐसे में कुछ विमानों के उड़ान में देरी हो सकती है। यह देरी हालात के पूरी तरह सामान्य होने तक जारी रह सकती है।
कई एयरपोर्ट पर चेक-इन सुविधा पर हुआ असर। तस्वीर-PTI
विमान कंपनी ने यात्रियों से अनुरोध किया है कि एयर पोर्ट के लिए निकलने से पहले वे अपनी फ्लाइट का स्टेटस airindia.com/in/en/manage चेक कर लें। एआई ने यात्रियों से अतिरिक्त समय लेकर चलने का अनुरोध किया है।
ए320 के सॉफ्टवेयर अपडेट के चलते उड़ानों में देरी हुई
इससे पहले दुनिया भर की विमानन कंपनियों ने शनिवार को व्यापक रूप से इस्तेमाल होने वाले वाणिज्यिक विमान ए320 के सॉफ्टवेयर को अपडेट किया, जिसके चलते कई उड़ानों में देरी हुई और कई को रद्द करना पड़ा। जांच में पता चला कि पिछले महीने जेटब्लू के एक विमान के ऊंचाई से अचानक नीचे आने में कंप्यूटर कोड की गड़बड़ी शामिल हो सकती है। एयरबस ने शुक्रवार को बताया कि जेटब्लू की उस घटना की जांच से पता चला कि सूरज की तेज किरणें (सोलर रेडिएशन) ए320 बेड़े के विमानों के उड़ान नियंत्रण को खराब कर सकती हैं।
दुनिया भर में उड़ानें हुईं प्रभावित
संघीय विमानन प्रशासन (एफएए) ने यूरोपीय संघ विमानन सुरक्षा एजेंसी (ईएएसए) के साथ मिलकर विमानन कपंनियों को नया सॉफ्टवेयर अपडेट करने का निर्देश दिया है। इससे अमेरिका में पंजीकृत 500 से अधिक विमान प्रभावित होंगे। यूरोप की सुरक्षा एजेंसी ने कहा कि इससे उड़ानों में कुछ समय के लिए दिक्कत आ सकती है। यह समस्या विमान के कंप्यूटर में पहले किए गए एक सॉफ्टवेयर अपडेट की वजह से आई थी। जापान में 30 से अधिक ऐसे विमानों का परिचालन करने वाली ऑल निप्पॉन एयरवेज (एएनए) ने शनिवार के लिए 65 घरेलू उड़ानें रद्द कर दीं। रविवार को भी कुछ उड़ानें रद्द हो सकती हैं।
भारतीय एयरलाइन कंपनियों ने सॉफ्टवेयर अपग्रेड पूरा किया
भारतीय एयरलाइन कंपनियों ने उड़ान नियंत्रण से संबंधित संभावित मुद्दे के समाधान के लिए ए320 बेड़े के परिचालनरत 323 विमानों पर सॉफ्टवेयर अपग्रेड का काम पूरा कर लिया। विमानन नियामक नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने रविवार को यह जानकारी दी। एयरबस ने शुक्रवार को कहा था कि तीव्र सौर विकिरण की वजह से ए320 श्रेणी के काफी विमानों में उड़ान नियंत्र के लिए जरूरी डेटा खराब हो सकता है और इस समस्या को ठीक करने के लिए सॉफ्टवेयर अपडेट करने के दौरान परिचालन में बाधा आएगी।
