Zircon Hypersonic Cruise Missile: रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध थमने का नाम नहीं ले रहा है। यूक्रेन ने हाल ही में रूस की सबसे बड़ी रिफाइनरियों में से एक पर 310 से ज्यादा ड्रोन दागे। इस घटना के बाद मॉस्को आगबबूला नजर आ रहा है। हालांकि, रूस के एयर डिफेंस सिस्टम से ड्रोन हमले को नाकाम कर दिया, पर रिफाइनरी में आग लग गई। यह तो बीते दिनों की बात है, लेकिन ऐसे हमले दोनों देश एक-दूसरे पर फरवरी 2022 के बाद से लगातार कर रहे हैं। इस बीच, रूस ने अपने पिटारे से तबाही का औजार निकाला है। दरअसल, रूस ने अपनी सैन्य क्षमता का प्रदर्शन करते हुए बेरेंट्स सागर में जिरकोन (त्सिरकॉन) हाइपरसोनिक क्रूज मिसाइल का सफल परीक्षण किया है।
रूसी रक्षा मंत्रालय ने रविवार को बताया कि रूस ने जापद सैन्य अभ्यास (Zapad Military Exercises) के दौरान बैरेंट्स सागर में एक लक्ष्य पर जिरकोन (Zircon) हाइपरसोनिक क्रूज़ मिसाइल दागी। मंत्रालय ने मौजूदा निगरानी आंकड़ों के हवाले से बताया कि मिसाइल ने लक्ष्य को सीधे प्रहार से नष्ट कर दिया गया।
यूक्रेन और अमेरिका की बढ़ेंगी टेंशन!
रूसी रिफाइनरी पर हुए हालिया हमले में यूक्रेन ने अमेरिकी मिसाइलों का भी इस्तेमाल किया। पिछले कुछ वक्त से अमेरिका ने युद्ध को रुकवाने की नाकाम कोशिशें कीं, पर व्हाइट हाउस को सफलता नहीं मिली और उन्हें एक बात तो स्पष्ट हो ही गई होगी कि अमेरिका दुनिया का बॉस तो बिल्कुल भी नहीं है। तभी तो अमेरिका और भी ज्यादा तिलमिलाया हुआ है और यूरोपियन यूनियन से कह रहा है कि रूस पर 50 से 100 फीसदी टैरिफ लगाओ। अमेरिका भले ही रूस को गीदड़भभकी देता रहे, पर रूस ने जिरकोन की टेस्टिंग कर एक बात तो स्पष्ट कर दी कि वह किसी के सामने झुकने वाला नहीं है। अगर यूक्रेन उस पर दो मिसाइल दागेगा तो वह भी मुंहतोड़ जवाब देगा तो चलिए विस्तार से समझते हैं कि रूस की जिरकोन हाइपरसोनिक मिसाइल आखिर कितनी ज्यादा खतरनाक है और क्यों यूक्रेन, अमेरिका सहित पश्चिमी देशों की यह मिसाइल नींद हराम कर सकती है।
रफ्तार जान दुश्मनों के छूटेंगे पसीने!
तेज रफ्तार की वजह से जिरकोन मिसाइल की दुश्मन देशों के जहाजों के लिए खतरनाक साबित हो सकती है। साथ ही यह मिसाइल परमाणु हथियार ले जाने में भी सक्षम है। जिरकोन मिसाइल मैक 8 से मैक 9 यानी लगभग 11,000 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हमला कर सकती है। सबसे दिलचस्प बात तो यह है कि इसकी रफ्तार की वजह से एयर डिफेंस सिस्टम भी इसको रोकने में नाकाम हो सकते हैं। जिरकोन हाइपरसोनिक मिसाइल की मारक क्षमता की बात की जाए तो यह मिसाइल 400 से हजार किलोमीटर दूर मौजूद लक्ष्यों को नेस्तनाबूत कर सकता है।
- मारक क्षमता: 400-1000 किलोमीटर
- रफ्तार: 11,000 किलोमीटर प्रतिघंटा
- वॉरहेड वजन: 300-400 किलोग्राम
Zircon Hypersonic Missile
कापेंगी धरती और उठेगा धुएं का गुबार
जिरकोन के वॉरहेड का वजन 300-400 किलोग्राम तक बताया गया है, जो शक्तिशाली धमाका कर सकता है। इस मिसाइल के पास लक्ष्यों को सफलतापूर्वक भेदने की काबिलियत भी है। जिरकोन मिसाइल से अगर दुश्मन लॉक हो गया तो उसका बेअसर होना लगभग तय है। जब मिसाइल लक्ष्य को भेदेगी तो आज पास की धरती में कंपन महसूस हो सकता है और धुएं का उठता हुआ गुबार दिखाई देगा।
कहां से हो सकती है लॉन्चिंग
जिरकोन मिसाइल को समुद्री जहाजों, पनडुब्बियों और लड़ाकू विमानों जैसे Su-57 स्टील्थ फाइटर से लॉन्च किया जा सकता है। इस मिसाइल में ऐसी उन्नत तकनीक का इस्तेमाल किया गया है कि जिरकोन को पकड़ने में रडार के भी पसीने छूट सकते हैं। आसान भाषा में कहें तो इसमें प्लाज्मा क्लाउड तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। तभी तो रडार सिस्टम से ट्रैक करना बहुत कठिन है जिसकी वजह से किसी भी मौजूदा एंटी-मिसाइल सिस्टम के लिए इसे रोकना लगभग नामुमकिन माना जाता है।
