Bholaa Vs Kaithi Makers: बॉलीवु़ड के जाने-माने स्टार अजय देवगन (Ajay Devgn) इन दिनों अपनी अपकमिंग फिल्मों को लेकर चर्चा में बने हुए है। इसी बीच अजय देवगन की साल 2023 में रिलीज हुई फिल्म भोला खबरों में आ गई है। ये फिल्म तमिल ब्लॉकबस्टर फिल्म कैथी (2019) का हिंदी रीमेक थी, जिसमें कार्थी लीड रोल में थे। तीन साल बाद, तमिल फिल्म के प्रोड्यूसर ड्रीम वॉरियर पिक्चर्स ने बॉम्बे हाई कोर्ट में याचिका दायर की है। उन्होंने भोला बनाने वालों पर कॉपीराइट और रीमेक अधिकारों का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है। जस्टिस शर्मिला देशमुख की सिंगल जज बेंच ने भोला बनाने वालों की प्रारंभिक आपत्ति पर फैसला सुरक्षित रख लिया है। आपत्ति ये थी कि क्या बॉम्बे हाई कोर्ट को इस मामले की सुनवाई करने का अधिकार क्षेत्र है या नहीं। हालांकि, ड्रीम वॉरियर पिक्चर्स का दावा है कि कैथी के कॉपीराइट और रीमेक अधिकारों के वे अकेले मालिक हैं।
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मामला क्या है?
बार एंड बेंच रिपोर्ट के मुताबिक, केस में रीमेक समझौतों की एक सीरीज का जिक्र किया गया है। ये मामला फरवरी 2020 में रिलायंस ग्रुप की एक कंपनी के साथ शुरू हुआ था। कैथी की प्रोडक्शन हाउस ने 29 मार्च 2023 को रिलायंस एंटरटेनमेंट स्टूडियोज के साथ एक रीमेक एग्रीमेंट किया था, जिसमें भोला फिल्म हिंदी रीमेक के लिए बनाई गई थी। तमिल फिल्म बनाने वालों ने दावा किया कि उन्हें तय फीस किस्तों में मिलनी थी, जिसमें से सिर्फ 1 करोड़ रुपये प्लस जीएसटी अप्रैल 2022 में दिए गए थे। समझौते में ये भी लिखा था कि फिल्म की कमाई से जुड़े वेरिएबल पेमेंट भी उन्हें मिलने थे। भोला रिलीज होने के बाद 30 मार्च 2023 को ड्रीम वॉरियर, रिलायंस और अजय देवगन फिल्म्स एलएलपी के बीच 1 अप्रैल 2023 को तीनों पक्षों एक और एग्रीमेंट किया गया। इस समझौते के अनुसार, रीमेक अधिकार पूरी तरह तीनों पक्षों को संयुक्त रूप से दिए गए थे, लेकिन कमाई के अधिकार रिलायंस के पास ही रहने दिए गए थे। कैथी बनाने वालों ने दावा किया कि पहले एग्रीमेंट के तहत दूसरी और तीसरी किस्त, जो 29 अप्रैल और 29 मई 2023 को देनी थी, कभी नहीं दी गई। उन्होंने 2023 और 2024 में कई बार ईमेल भेजकर हिसाब और बकाया पेमेंट की मांग की। लेकिन सभी ईमेल बिना जवाब के रह गए। आखिरकार ड्रीम वॉरियर ने 28 अक्टूबर 2024 को नोटिस जारी किया, जिसमें 4 करोड़ रुपये ब्याज समेत मांगे गए।
दी गई वार्निंग
वॉर्निंग में उन्होंने कहा था कि अगर 30 दिनों के अंदर पैसे नहीं दिए गए तो वे खुद-ब-खुद समझौता खत्म कर देंगे और फिल्म के सभी अधिकार वापस ले लेंगे। 27 नवंबर 2024 के बाद ड्रीम वॉरियर ने दावा किया कि एग्रीमेंट 1 खत्म हो चुका है और भोला के सभी रीमेक और कमाई के अधिकार उनके पास वापस आ गए हैं। दूसरी तरफ उन्होंने एनसीएलटी मुंबई में सेक्शन 9 के तहत एक याचिका भी दायर की थी, जिसमें रिलायंस एंटरटेनमेंट के खिलाफ दिवालिया कार्यवाही शुरू करने की मांग की गई थी। उन्होंने ऑपरेशनल डेब्ट न चुकाने का आरोप लगाया था। अगस्त 2025 में एनसीएलटी ने याचिका खारिज कर दी और साफ कहा कि कैथी और भोला से जुड़े अनुबंध और कॉपीराइट विवाद सिविल कोर्ट में ही सुलझाए जा सकते हैं। वर्तमान कमर्शियल आईपी सूट 22 मार्च 2026 को दायर की गई थी। तमिल फिल्ममेकर्स ने रिलायंस और अजय देवगन फिल्म्स को भोला फिल्म को डिस्ट्रीब्यूट, ब्रॉडकास्ट, स्ट्रीम या किसी भी तरीके से कमाई करने से रोकने के लिए इंजंक्शन की मांग की है। सूट अमेजन प्राइम वीडियो, जी सिनेमा और टी-सीरीज जैसे ओटीटी प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ भी दायर की गई है। सुनवाई के दौरान डिफेंडिंग कंपनियों ने कहा कि उनके बीच दो समझौते हैं। मुख्य समझौते के अनुसार केवल चेन्नई की अदालतों में ही मामला सुनवाई हो सकती है। उन्होंने दावा किया कि सिर्फ सप्लीमेंट्री समझौते के आधार पर मुंबई की अदालत नहीं जा सकते। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद बॉम्बे हाई कोर्ट ने जूरिडिक्शन के मुद्दे पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है।
