Ashoke Pandit on Ranveer Singh Don 3 Controversy: बॉलीवुड के जाने-माने स्टार रणवीर सिंह (Ranveer Singh) इन दिनों फिल्म डॉन 3 (Don 3) की वजह से चर्चा में बने हुए हैं। जब से रणवीर सिंह ने इस फिल्म से अपने हाथ पीछे खींचे हैं तब से उनके और फरहान अख्तर के बीच विवाद हो गया है। इस विवाद में अब तक कई अपडेट सामने आ चुके हैं। FWICE ने पहले इस मामले में एक्शन लेते हुए रणवीर सिंह पर बैन लगा दिया था, इसके बाद बैन को हटा भी लिया गया। लेकिन इन सब के बीच FWICE मुख्य सलाहकार अशोक पंडित का इंटरव्यू सामने आया है। अशोक पंडित ने खुलासा किया इस मामले को सुलझाने के लिए आमिर खान (Aamir Khan) भी सामने आए थे।
आमिर खान ने की थी विवाद सुलझाने की कोशिश (Image Source: Zoom/ IMDb)
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आमिर खान ने भी की विवाद सुलझाने की कोशिश
रणवीर सिंह और फरहान अख्तर के बीच फिल्म डॉन 3 को लेकर हुआ विवाद एक बार फिर से चर्चा में है। इसकी वजह अशोक पंडित का अभी हाल ही में दिया एक इंटरव्यू है। अशोक पंडित ने Hindi Rush से कहा, 'आमिर खान समेत इंडस्ट्री के कई लोग इस मामले को सुलझाने की कोशिश कर चुके थे, इससे पहले कि ये हमारे पास आता। लेकिन उससे भी बात नहीं बनी। आज रणवीर सिंह हैं, कल कोई और हो सकता है। इस वक्त एक्सेल इसी दौर से गुजर रही है। अगर कोई और होता, तो उसकी हालत खराब हो जाती। उसे अपना घर तक बेचना पड़ सकता था। किसी फिल्म को छोड़ने के आपके पास दस सही वजहें हो सकती हैं। लेकिन अगर आपने किसी प्रोजेक्ट के लिए हामी भरी थी और उस वजह से पैसा खर्च हो चुका है, तो उस नुकसान की भरपाई होनी चाहिए।'
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अशोक पंडित ने किया बड़ा खुलासा
अशोक पंडित ने कहा कि FWICE ने कोई भी फैसला लेने से पहले अपनी तय प्रक्रिया का पालन किया था। उन्होंने कहा, 'हमने पहले एक चिट्ठी भेजी, फिर दूसरी और उसके बाद तीसरा रिमाइंडर भी भेजा।' उन्होंने बताया कि इनका कोई जवाब नहीं मिला। अशोक पंडित के मुताबिक, बाद में जो एकमात्र जवाब आया, उसमें यह सवाल उठाया गया था कि क्या इस मामले में दखल देने का अधिकार FWICE के पास है। अशोक पंडित ने ये भी कहा कि गैर-सहयोग का फैसला सुनाने से पहले फेडरेशन ने कई सबूत देखे थे। उनका दावा है कि FWICE ने रणवीर सिंह, फरहान अख्तर और रितेश सिधवानी के बीच हुई व्हाट्सऐप चैट्स देखी थीं। साथ ही ऐसे रिकॉर्ड भी देखे गए, जिनसे पता चलता है कि स्टाइलिंग और कॉस्ट्यूम का काम पूरा हो चुका था। अशोक पंडित का दावा है कि टिकट बुक हो चुके थे, होटलों का इंतजाम भी कर लिया गया था और पूरी यूनिट तीन हफ्तों के अंदर शूटिंग के लिए निकलने वाली थी। उनके मुताबिक, इससे साफ पता चलता है कि फिल्म सिर्फ प्लानिंग तक सीमित नहीं थी, बल्कि काम काफी आगे बढ़ चुका था।
बैन शब्द का नहीं किया इस्तेमाल
रणवीर सिंह पर बैन लगाए जाने की खबरों पर अशोक पंडित ने साफ कहा कि FWICE ने कभी 'बैन' शब्द का इस्तेमाल नहीं किया। उन्होंने कहा कि फेडरेशन के पास किसी पर बैन लगाने का अधिकार नहीं है। सिर्फ गैर-सहयोग का ऐलान किया गया है। अशोक पंडित ने बताया कि इसका मतलब यह है कि FWICE से जुड़े लोग उस एक्टर के साथ किसी प्रोजेक्ट में काम नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि ये बैन से बिल्कुल अलग बात है। अशोक पंडित का कहना है कि मुद्दा रणवीर के फिल्म छोड़ने की वजह नहीं, बल्कि जिम्मेदारी का है। उनका मानना है कि अगर किसी के कमिटमेंट या एग्रीमेंट साइन करने के बाद प्रोड्यूसर्स को बड़ा नुकसान होता है, तो उसकी भरपाई होनी चाहिए। उन्होंने यह भी बताया कि FWICE प्रोड्यूसर्स की संस्थाओं के साथ मिलकर इंडस्ट्री के लिए एक SOP तैयार कर रही है। उनका कहना है कि मकसद किसी एक शख्स को निशाना बनाना नहीं, बल्कि इंडस्ट्री में भरोसा और अनुशासन बनाए रखना है।
