PM Modi Interview: पीएम मोदी ने एक इंटरव्यू में खुद बताया कि कांग्रेस कैसे अपने आप को जिंदा कर सकती है। एक तमिल टीवी को दिए गए इस इंटरव्यू में पीएम मोदी ने चुनावी बांड से लेकर आगामी चुनावों की तैयारियों पर खुलकर बात की। पीएम मोदी ने यह भी बताया कि उनकी सरकार किन विजनों पर काम कर रही है।
पीएम मोदी
चुनावी बांड पर क्या बोले पीएम मोदी
IANS की रिपोर्ट के अनुसार पारंपरिक तमिल पोशाक वेष्टि और मुंडू पहने प्रधानमंत्री ने तमिल टेलीविजन चैनल थांथी टीवी को दिए एक साक्षात्कार में जब पीएम मोदी से चुनावी बांड पर सवाल पूछा गया तो प्रधानमंत्री ने इस योजना का बचाव करते हुए कहा कि 2014 के चुनाव तक किसी को पता नहीं था कि चुनाव में खर्च करने के लिए पैसा कहां से आ रहा है। उनकी सरकार द्वारा तैयार किए गए चुनावी बांड के बाद लोगों को स्रोत पता चला। इससे फंडिंग के संबंध में एक स्पष्ट तस्वीर मिलती है और राजनीतिक दल अधिक जवाबदेह होते हैं। पारंपरिक तमिल पोशाक वेष्टि और मुंडू पहने प्रधानमंत्री ने तमिल टेलीविजन चैनल थांथी टीवी को दिए एक साक्षात्कार में कहा, इससे फंडिंग के संबंध में एक स्पष्ट तस्वीर मिलती है और राजनीतिक दल अधिक जवाबदेह होते हैं।
कांग्रेस को सलाह, डीएमके पर तंज
यह पूछे जाने पर कि वह कांग्रेस को खुद को जिंदा करने के लिए क्या सलाह देंगे, उन्होंने कहा कि विपक्षी दल में कई वरिष्ठ नेता थे, जिन्हें किनारे कर दिया गया और अगर पार्टी इन नेताओं की बात माने तो वह आगे बढ़ सकती है। इस सवाल पर कि वह तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन और उनकी द्रमुक को क्या सलाह देना चाहते हैं? पीएम ने चुटकी लेते हुए कहा कि स्टालिन को उनसे किसी सलाह की जरूरत नहीं है, बल्कि यह तमिलनाडु के लोग हैं, जो आगामी चुनावों में उन्हें सलाह देंगे।
वंशवादी राजनीति पर क्या बोले पीएम मोदी
वंशवादी राजनीति पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि वह एक परिवार के एक, दो या दस लोगों के राजनीति में आने के खिलाफ नहीं हैं। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक लोगों को राजनीति में आना चाहिए। पीएम ने कहा कि मुद्दा उन परिवारों पर आधारित पार्टियों का है, जिनमें अगली पीढ़ी अपने पिता या दादा से विरासत ले रही है और हर निर्णय शीर्ष नेताओं के परिवार द्वारा लिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इससे ऐसी पार्टियों में कई उज्ज्वल और मेधावी लोग किनारे हो जाते हैं।
सत्ता में वापस आने पर क्या करेंगे पीएम मोदी
अगर उनकी सरकार सत्ता में वापस आती है तो तमिलनाडु के लिए मोदी की क्या गारंटी है, इस सवाल पर पीएम ने कहा कि पहली प्राथमिकता रक्षा गलियारा है और थूथुकुडी बंदरगाह को विश्व स्तर तक बढ़ाया जाएगा, जिससे इस क्षेत्र और राज्य का विकास होगा। उन्होंने यह भी कहा कि जैसे तमिलनाडु की पारंपरिक इडली और डोसा देश और विदेश में उपलब्ध है, वह चाहते हैं कि तमिल भाषा, जो सबसे पुरानी भाषा है, उसे दुनिया में उचित मान्यता मिले और यही कारण था कि संयुक्त राष्ट्र में भाषण के दौरान उन्होंने तमिल में बात की। उन्होंने कहा कि उनका ध्यान 2047 में भारत को विकसित बनाने पर है।
