Bihar Lok Sabha Seats: लोकसभा चुनाव तारीखं का ऐलान होने के साथ ही बिहार में सियासी हलचलें तेज हो गई हैं। पूर्व सांसद राजेश रंजन ऊर्फ पप्पू यादव बुधवार को कांग्रेस में शामिल हो गए और अपनी जन अधिकार पार्टी (जाप) का विलय कर दिया। पप्पू यादव और उनके पुत्र सार्थक ने कांग्रेस मुख्यालय में देश की सबसे पुरानी पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। कांग्रेस के बिहार प्रभारी मोहन प्रकाश और पार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने पार्टी में उनका स्वागत किया। पप्पू यादव ने कहा कि मेरी विचारधारा हमेशा कांग्रेस की विचारधारा के करीब रही है। राहुल गांधी जी संघर्ष के प्रतीक हैं। उन्होंने देश के लिए एक उम्मीद जगाई है।
पप्पू यादव कांग्रेस में शामिल
उन्होंने कहा कि कांग्रेस और लालू यादव मिलकर 2024 जीतेंगे और 2025 जीतेंगे। पप्पू यादव की पत्नी रंजीत रंजन भी कांग्रेस की नेता हैं और वह राज्यसभा सदस्य हैं। माना जा रहा है कि पप्पू यादव कांग्रेस के टिकट पर लोकसभा चुनाव लड़ सकते हैं।
बिहार में सीट बंटवारे को जल्द अंतिम रूप दिया जाएगा: आरजेडी
वहीं, राष्ट्रीय जनता दल के सांसद मनोज झा ने बुधवार को कहा कि बिहार में सीट बंटवारे को एक या दो दिन में अंतिम रूप दे दिया जाएगा और बातचीत अच्छी और सकारात्मक दिशा में बढ़ रही है। कांग्रेस महासचिव मुकुल वासनिक से मुलाकात के बाद मीडिया से बातचीत में राजद के राष्ट्रीय प्रवक्ता झा ने कहा कि सीट बंटवारे पर काफी हद तक सहमति बन गई है। झा ने संवाददाताओं से कहा कि सहमति काफी हद तक बन चुकी है, चीजें पटरी पर हैं, एक-दो दिनों में सब कुछ साफ हो जाएगा।
झा बोले, कुछ दिनों सीट समझौता हो जाएगा
इंडिया गठबंधन के सहयोगियों द्वारा लड़ी जाने वाली सीटों की संख्या के विवरण के बारे में पूछे जाने पर झा ने कहा, आप संख्या के बारे में बात कर रहे हैं, हम जीतने के हिसाब से सोच रहे हैं। एक अच्छा फॉर्मूला सामने आएगा और सब कुछ तय हो जाएगा। उन्होंने कहा कि कोई गतिरोध नहीं है और बातचीत सौहार्दपूर्ण रही। झा ने कहा कि सार्वजनिक हित में व्यक्ति-केंद्रित राजनीति के खिलाफ और उसका विकल्प प्रदान करने के लिए एक व्यापक गठबंधन आकार ले रहा है।
कहा, बीजेपी ने पारस और चिराग का इस्तेमाल कर फेंक दिया
राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी (रालोजपा) के नेता पशुपति कुमार पारस के बारे में पूछे जाने पर झा ने कहा कि भाजपा के लिए गठबंधन सहयोगियों का इस्तेमाल करो और फेंक दो की परिपाटी रही है। पारस ने आगामी लोकसभा चुनावों के लिए बिहार में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के सीट-बंटवारे समझौते में उनकी पार्टी को एक भी सीट नहीं दिए जाने के बाद मंगलवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने कहा, पारस के साथ जो हुआ वह कोई नई बात नहीं है। भाजपा यही करती है। उन्होंने चिराग (पासवान) को छोड़ दिया, और पारस को साथ रखा, अब उन्होंने पारस को छोड़ दिया और चिराग को साथ ले लिया। इस्तेमाल करो और फेंको की नीति भारतीय राजनीति में इस पैमाने पर कभी नहीं देखी गई।
राजद सांसद ने बगैर किसी का नाम लिए कहा कि आगामी दिनों में कई और लोगों को इस्तेमाल करके फेंक दिया जाएगा। बिहार का एक महत्वपूर्ण चेहरा उनमें से एक हो सकता है। वह किसकी ओर संकेत कर रहे हैं, यह पूछे जाने पर झा ने कहा कि मेरा संकेत स्पष्ट है।
