PM Modi Morena rally 10 points : लोकसभा चुनाव 2024 के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवारों के समर्थन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश भर में ताबड़तोड़ रैलियां कर रहे हैं। इसी क्रम में वह गुरुवार को मध्य प्रदेश के मुरैना पहुंचे। मुरैना रैली में उन्होंने एक बार फिर कांग्रेस को निशाना पर लिया और उस पर तुष्टिकरण का आरोप लगाते हुए बड़ा हमला बोला। रैली में लोगों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि 'ये लोग फिर से धार्मिक तुष्टिकरण को मोहरा बना रहे हैं। कर्नाटक में कांग्रेस का राज है। मुरैना रैली की 10 बड़ी बातें
- कांग्रेस सरकार ने कर्नाटक में जितने भी मुस्लिम समाज के लोग हैं रातोंरात उन्हें ओबीसी घोषित कर दिया। यहां ओबीसी समाज को मिलने वाले आरक्षण को छीन लिया।
- भाजपा के लिए देश से बड़ा कुछ भी नहीं है और कांग्रेस के लिए अपना परिवार ही सब कुछ है। कांग्रेस की नीति है जो देश के लिए सबसे ज्यादा मेहनत करे उसे सबसे पीछे रखो। इसलिए कांग्रेस ने इतने वर्षों तक सेना के जवानों की वन रैंक, वन पेंशन जैसी मांग पूरी नहीं होने दी।
- देश के विकास के लिए एक स्थिर और मजबूत सरकार कितनी जरूरी होती है, ये मध्य प्रदेश के लोग बहुत अच्छे से जानते हैं। मुरैना ने हमेशा उन्हीं का साथ दिया है, जिनके लिए राष्ट्र प्रथम है।
- आप सबका उत्साह देखकर मैं कह सकता हूं कि मुरैना आज भी न अपने संकल्प से डिगा है और न ही कभी डिगेगा। MP के लोग जानते हैं कि समस्या से एक बार पीछा छूट जाए, तो फिर उस समस्या से दूर ही रहना चाहिए।
- कांग्रेस पार्टी ऐसी ही विकास विरोधी और बहुत बड़ी समस्या है। कांग्रेस ने MP को बीमारू राज्यों की लाइन में खड़ा कर दिया था। भाजपा की सरकार ने कांग्रेस के बनाए गड्ढों को भरने के बाद मध्य प्रदेश और चंबल को नई और गौरवपूर्ण पहचान दिलाई है।
- भाजपा सरकार में हुए विकास को भिंड, मुरैना, ग्वालियर के वो लोग और ज्यादा अनुभव कर रहे हैं, जिन्होंने कांग्रेस का काला दौर देखा है। 4 जून के बाद हमारे मुख्यमंत्री मोहन यादव जी के नेतृत्व में मध्य प्रदेश का विकास और स्पीड पकड़ने जा रहा है।
- मध्य प्रदेश के मुरैना का ये जोश और जुनून साफ संदेश है कि जनता-जनार्दन मजबूर नहीं, बल्कि एक मजबूत और ईमानदार सरकार बनाने के पक्ष में है।
- मध्य प्रदेश के लोग जानते हैं कि किस समस्या से एक बार पीछा छूट जाए तो फिर उस समस्या से दूर ही रहना चाहिए। कांग्रेस पार्टी ऐसी ही विकास विरोधी एक बहुत बड़ी समस्या है। चंबल के लोग कांग्रेस का वो दौर कैसे भूल सकते हैं? कांग्रेस ने चंबल की पहचान खराब कानून-व्यवस्था और ऐसे क्षेत्र के तौर पर बना दी थी।
- भाजपा सरकार ने धर्म के आधार पर कोई भेदभाव किए बिना 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन उपलब्ध कराया। अगर कांग्रेस सत्ता में आई तो ‘विरासत कर’ के जरिए आपकी आधी से ज्यादा कमाई छीन लेगी। कांग्रेस कहती है कि देश के संसाधनों पर पहला हक मुसलमानों का है, जबकि मैं कह रहा हूं कि इन पर पहला हक गरीबों का है।
- नदियों को जोड़ने, सड़कों और रेलवे लाइन जैसी विकास परियोजनाओं से चंबल में परिदृश्य बदल रहा है। कांग्रेस वर्षों से आदिवासियों और पिछड़े वर्गों को उनके अधिकारों से वंचित करने की साजिश रचती आ रही है।
