बीजेपी हर चुनाव से कई महीने या यूं कहें कि कुछ साल पहले ही विपक्षियों के खिलाफ चुनावी चुक्रव्यूह रचना शुरु कर देती है। यही कारण है कि बीजेपी जब जीत की रणनीति बना चुकी होती है, तो बाकी पार्टियां शुरूआती कठिनाईयों को ही सुलझाने में जुटी रहती है। इसी क्रम में बीजेपी काफी पहले से 2024 की तैयारी में जुटी दिख रही है।
इन 160 सीटों पर बीजेपी की नजर
बढ़ा दी मुश्किल सीटों की संख्या
भाजपा ने 2024 के लोकसभा चुनावों में जीतने के लिए "मुश्किल" लोकसभा सीटों की संख्या 144 से बढ़ाकर 160 कर दी है। इस संख्या को बढ़ाने के लिए नीतीश कुमार की पार्टी जदयू जिम्मेदार मानी जा रही है। दरअसल जब पहले लिस्ट बनी थी तो जदयू, बीजेपी के साथ थी। अब विरोधी खेमे में है। ऐसे में जो सीटें जदयू के खाते में जानी थीं, अब वो बीजेपी के हिस्से में ही आ गई है। इसलिए भाजपा ने कठिन सीटों की समीक्षा करके इसकी संख्या बढ़ा दी है। बढ़ी हुईं सीटें ज्यादातर बिहार में हैं।
2019 में मिली थी हार
इन मुश्किल सीटों में से बीजेपी 2019 में अधिकांश सीटें हार गईं थी। इस बार की लिस्ट में कुछ जीतने वाली सीटें भी शामिल हैं। क्योंकि तब राजनीतिक हालात कुछ और थे और अब कुछ और। इन सीटों में रोहतक और बागपत जैसी सीटें भी शामिल हैं, जिन्हें 2019 में बीजेपी ने जीता था।
पिछली बार का हाल
भाजपा ने 2019 में भी ऐसी मुश्किल सीटों का चुनाव किया था। तब पार्टी की कमान आज के गृहमंत्री अमित शाह के पास थी। तब शाह के नेतृत्व में बीजेपी ने इन सीटों पर बड़ी संख्या में जीत हासिल की थी। तब बीजेपी ने कुल 303 सीटें जीती थीं। जबकि 2014 में 282 सीटें जीती थीं।
