Amit Shah News: पश्चिम बंगाल में सियासी सरगर्मी काफी बढ़ गई है। उम्मीदवार तो चुनाव प्रचार में जुट ही गए हैं। राजनीतिक दलों के दिग्गज नेता भी अपने दौरों से चुनावी धार को तेज बनाने में जुटे हैं। इसी क्रम में केंद्रीय गृह मंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता अमित शाह 28 मार्च को कोलकाता पहुंचने वाले हैं। बंगाल चुनाव इस बार भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का सवाल बन गया है। गृह मंत्री का बार-बार बंगाल दौरे को इसी से जोड़कर देखा जा रहा है।
4 मई को आएंगे पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजे।
TMC के खिलाफ चार्जशीट अभियान की होगी शुरुआत
कोलकाता में शाह पार्टी की तरफ से प्रेंस कॉन्फ्रेंस को संबोधित और तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ चार्जशीट अभियान की शुरुआत करेंगे। एएनआई की रिपोर्ट में बंगाल भाजपा के सूत्र के हवाले से कहा गया है कि 'इस चार्जशीट में ममता सरकार के खिलाफ लगे भ्रष्टाचार के आरोपों और उसकी नाकामियों का पूरा ब्योरा होगा।' भाजपा नेताओं का कहना है कि चार्जशीट में भर्तियों में हुई धांधली, वित्तीय कुप्रबंधन एवं प्रशासनिक खामियों का जिक्र होगा। यही नहीं भाजपा तृणमूल कांग्रेस के 15 सालों के शासन पर श्वेत पत्र लाने की तैयारी में है। इसमें ममता सरकार के 'कु-प्रशासन एवं भ्रष्टाचार' के बारे में बताया जाएगा।
नागरिकता छीन सकती है भाजपा-ममता
बंगाल में भाजपा और टीएमसी के बीच जमकर वार-प्रत्यारोप का दौर चल रहा है। SIR के मसले पर दोनों पार्टियां आमने-सामने हैं। इसे लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भाजपा पर हमलावर हैं। केंद्र सरकार और निर्वाचन आयोग पर बुधवार को तीखा हमला करते हुए ममता ने कहा कि अगला कदम राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) के जरिये नागरिकता छीनने का प्रयास हो सकता है। बनर्जी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा के आगामी चुनाव के लिए अपने प्रचार अभियान की शुरुआत राजनीतिक रूप से अहम उत्तर बंगाल से करते हुए यह टिप्पणी की। उत्तर बंगाल एक ऐसा क्षेत्र है जो 2019 के लोकसभा चुनाव के बाद से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का गढ़ बनकर उभरा है।
ममता ने मैनागुड़ी-ठाकुरनगर में की रैली
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ने आरोप लगाया कि संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग 'लोगों के मतदान अधिकारों को छीनने के लिए किया जा रहा है।’ जलपाईगुड़ी जिले के मैनागुड़ी और ठाकुरनगर क्षेत्र में रैलियों को संबोधित करते हुए बनर्जी ने दावा किया कि मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) से मतदाताओं में भय उत्पन्न हो रहा है। बनर्जी ने कहा, 'निर्वाचन आयोग, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और केंद्र सरकार संविधान का पालन नहीं कर रहे और मतदान के अधिकार छीनने की कोशिश कर रहे हैं।’
मुख्यमंत्री बनर्जी ने कहा, 'हमें मध्यरात्रि को आजादी मिली थी और हमें इस पर गर्व है, लेकिन आज वे आजादी को भूल गए हैं। वे संविधान या लोकतंत्र का पालन नहीं कर रहे हैं। वे लोगों के मतदान के अधिकार छीन रहे हैं।’
