SSC CGL 2026: कर्मचारी चयन आयोग (SSC) द्वारा आयोजित की जाने वाली कंबाइंड ग्रेजुएट लेवल (CGL) परीक्षा देश की सबसे लोकप्रिय प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक है। केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों, विभागों और संगठनों में ग्रुप 'B' और 'C' के पदों पर भर्ती के लिए SSC CGL 2026 का इंतजार लाखों अभ्यर्थी कर रहे हैं। आयोग ने हाल ही में परीक्षा के नए पैटर्न से जुड़े महत्वपूर्ण अपडेट साझा किए हैं। इसके साथ ही परीक्षा की संभावित तिथियों और पूरे शेड्यूल को लेकर भी जानकारी सामने आ चुकी है। यदि आप भी इस भर्ती परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं, तो एग्जाम पैटर्न में हुए बदलावों के बारे में आपको जानना जरूरी है।
SSC CGL 2026 (Photo - AI)
कब होगी परीक्षा
एसएससी द्वारा जारी सीजीएल परीक्षा के शेड्यूल के अनुसार, टियर 1 परीक्षा का आयोजन 30 सितंबर से 30 अक्टूबर तक किया जाएगा। इस परीक्षा में सफल होने वाले उम्मीदवार टियर 2 परीक्षा में शामिल होंगे और उनकी परीक्षा दिसंबर 2026 में आयोजित की जा सकती है। टियर 2 परीक्षा की तिथियों को लेकर अभी कोई जानकारी नहीं है।
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SSC CGL 2026: क्या हुआ है सिलेबस और परीक्षा पैटर्न में बदलाव?
कर्मचारी चयन आयोग ने परीक्षा प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और प्रासंगिक बनाने के लिए टियर-1 और टियर-2 के पैटर्न में सुधार किया है:
टियर-1 परीक्षा: टियर-1 परीक्षा केवल क्वालिफाइंग प्रकृति की होगी। इसमें जनरल इंटेलिजेंस और रीजनिंग, जनरल अवेयरनेस, क्वांटिटिव एप्टीट्यूड और इंग्लिश कॉम्प्रिहेंसिव से कुल 100 प्रश्न पूछे जाएंगे। परीक्षा पैटर्न में हुए बदलाव के अनुसार, अब उम्मीदवारों को पूरा पेपर अपने अनुसार करने का अवसर नहीं मिलेगा। इसका अर्थ यह है कि वह अपने अनुसार, विषयों को समय नहीं दे सकते है। बल्कि हर विषय के सवालों के उत्तर देने के लिए सेक्शनल टाइमिंग लागू की गई है।
जनरल इंटेलिजेंस और रीजनिंग - 15 मिनट
जनरल अवेयरनेस - 15 मिनट
क्वांटिटिव एप्टीट्यूड - 15 मिनट
इंग्लिश कॉम्प्रिहेंशन - 15 मिनट
यानी हर सेक्शन में 25 प्रश्न होंगे और इन 25 प्रश्नों को करने के लिए छात्रों को केवल 15 मिनट प्रति सेक्शन सॉल्व करने का समय दिया जाएगा।
टियर-2 में मॉड्यूल आधारित मूल्यांकन: टियर-2 परीक्षा को अलग-अलग सेशन्स में बांटा गया है। इसमें गणित और रीजनिंग का एक सेक्शन, अंग्रेजी और जनरल अवेयरनेस का दूसरा सेक्शन होगा। कंप्यूटर ज्ञान और डेटा एंट्री टेस्ट अनिवार्य: टियर-2 में कंप्यूटर ज्ञान परीक्षण (Computer Knowledge Test) और डेटा एंट्री स्पीड टेस्ट (DEST) को अनिवार्य किया गया है। कंप्यूटर और टाइपिंग में न्यूनतम अंक पाना अनिवार्य है, हालांकि इसके अंक अंतिम मेरिट सूची में नहीं जोड़े जाते।
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परीक्षा में नेगेटिव मार्किंग को लेकर क्या नियम है?
बता दें कि प्रत्येक प्रश्न 2 अंक का है। यदि उम्मीदवार सही जवाब देते हैं तो उन्हें 2 अंक दिए जाएंगे, लेकिन अगर उत्तर गलत होता है तो 0.50 अंक काटे जाएंगे। जिस प्रश्न को अटेम्प्ट नहीं किया गया है उस पर न अंक काटे जाएंगे न ही दिए जाएंगे।
