NEET Re Exam 2026: नीट परीक्षा की तैयारी करने वाले देश के लाखों उम्मीदवारों और उनके माता-पिता के लिए एक बेहद जरूरी और सतर्क करने वाली खबर सामने आई है। इन दिनों सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म टेलीग्राम पर भोले-भाले छात्रों और उनके अभिभावकों को निशाना बनाकर पैसों की ठगी का मामला सामने आ रहा है। अगर आप या आपका कोई परिचित इस परीक्षा की तैयारी में जुटा है, तो कुछ मिनट निकालकर स्कैमर्स की इस धोखाधड़ी को जरूर समझें, ताकि आप अपने पैसे और मानसिक तनाव दोनों को बचा सकें।
NEET Re Exam 2026 (Photo - AI)
री-एग्जाम के नाम पर लाखों की मांग
इंटरनेट पर कई ऐसे फर्जी टेलीग्राम चैनल्स एक्टिव हैं जो छात्रों से 14,000 से लेकर 25,000 रुपये तक और कुछ मामलों में तो 10 लाख तक की भारी-भरकम रकम की मांग कर रहे हैं। इन चैनलों का दावा है कि उनके पास होने वाले री-एग्जाम का असली प्रश्न पत्र मौजूद है और पैसे देने पर वे इसे लीक कर देंगे।
सच्चाई यह है कि री-एग्जाम के लिए कोई भी पेपर लीक नहीं हुआ है। जैसे ही कोई छात्र इन ठगों के झांसे में आकर पैसे ट्रांसफर करता है, वे तुरंत गायब हो जाते हैं। इतना ही नहीं, यदि छात्र अनजाने में अपना एडमिट कार्ड और व्हाट्सएप नंबर उनके साथ शेयर कर देते हैं, तो स्कैमर्स उसी डेटा का इस्तेमाल अगले किसी और छात्र को जाल में फंसाने और डराने के लिए करने लग रहे हैं।
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चैट एडिट कर 'फर्जी सबूत' दिखाना
छात्रों को अपने जाल में फंसाने के लिए ये अपराधी परीक्षा से पहले की चैट के कुछ "प्रूफ वीडियो" भी दिखा रहे हैं। इसके पीछे की तकनीकी चाल को समझना बेहद जरूरी है। दरअसल, टेलीग्राम पर चैनल एडमिन के पास यह सुविधा होती है कि वह किसी भी पुराने मैसेज को एडिट करके उसकी जगह नया कंटेंट डाल सकता है, लेकिन ऐसा करने पर भी मैसेज भेजे जाने की पुरानी तारीख और समय नहीं बदलता। उदाहरण के लिए, यदि किसी स्कैमर ने 4 तारीख को कोई मैसेज एडिट किया है, तो वह देखने वाले को ऐसा लगेगा जैसे वह 1 तारीख को ही भेजा गया था। इसी तकनीकी लूपहोल का फायदा उठाकर वे छात्रों को पेपर पहले से होने का झूठा भरोसा दिलाते हैं। आईआईटी (IIT) मद्रास के डायरेक्टर प्रो. वी. कामाकोटी ने भी इस तकनीकी पहलू को साफ तौर पर समझाते हुए छात्रों को सचेत किया है।
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झांसे में न आकर करें इनकी शिकायत
आने वाली 21 जून के बाद भी ठगों द्वारा इस तरह की चालें दोबारा चलने की पूरी संभावना है। इसलिए छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी अनवेरीफाइड दावे पर भरोसा न करें और किसी को भी पैसे न भेजें। केवल नेशनल टेस्टिंग एजेंसी की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी आधिकारिक नोटिस पर भरोसा करें और उसी पर नजर रखें। अगर उस दौरान कोई आपसे फ्रॉड करने की कोशिश करता है तो आप तुरंत cybercrime.gov.in पर इसकी रिपोर्ट करें।
