उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में एक लड़के ने ऐसे जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया है, जिसके बारे में कल्पना करना भी नामुमकिन लगता है। लड़के ने न केवल अपने पिता की हत्या का प्लान बनाया, बल्कि उसे अंजाम तक भी पहुंचाया। पिता को मारने के बाद लाश पर भी बेटे को रहम नहीं आया और उसे आरी से टुकड़ों में काट डाला। पुलिस इस हत्याकांड के बारे में जान न सके, इसके लिए नीले ड्रम में लाश के टुकड़ों को डालकर तेजाब से जलाने की तैयारी थी। ताकि लाश का पता ही चले, लेकिन बेटे की पोल खुल गई और अब वो सलाखों के पीछे पहुंच गया है।
लखनऊ में बेटे ने की पिता की हत्या
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पिता को मारने की प्लानिंग पहले से किए था बेटा
लखनऊ के शराब कारोबारी और पैथोलॉजी संचालक मानवेंद्र सिंह ने कभी नहीं सोचा होगा कि उनका अपना बेटा अक्षत ही उन्हें मार देगा। आरोपी बेटे का दावा है कि पिता NEET की पढ़ाई के लिए दवाब डालते थे, इसी विवाद के दौरान गोली चल गई। लेकिन परिवार के लोग आरोपी के इस जवाब पर सवाल उठाते हुए कह रहे हैं कि बेटे अक्षत ने पिता को मारने की प्लानिंग पहले की थी। गोली भले गलती से चल सकती, लेकिन लाश को किसने काटा, किसने लाश के हाथ और पैर फेंके, किसने लाश को नीले ड्रम में डाला? परिवार वालों कहना है कि यह प्री प्लांन मर्डर था। क्योंकि अक्षत ने पहले से ही लाश को ठिकाने लगाने के इंतजाम कर लिए थे। हत्या से पहले ही नीला ड्रम, लाश को काटने के लिए आरी और तेजाब की बोतल लेकर आया था।
बहन को धमकाया
जिस समय मानवेंद्र सिंह की हत्या हुई, तीन लोग घर में थे, मानवेंद्र सिंह, अक्षत और अक्षत की छोटी बहन कृति। जब गोली चलने की आवाज कृति को सुनाई दी तो वो भाग कर कमरे में पहुंची, जहां पिता की लाश फर्श पर पड़ी थी। जिसके बाद अक्षत ने बहन को धमकी दी कि अगर वो इसके बारे में किसी को बताएगी तो वो उसे मार देगा। जिसके बाद अक्षत ने बहन को कमरे में बंद किया और लाश को ठिकाने लगाने की तैयारी करने लगा।
हाथ-पैर काट बाहर फेंका
परिवार लखनऊ के आशियाना इलाके में एक तीन मंजिला कोठी में रहता है। 20 तारीख की सुबह तकरीबन 4:30 बजे अक्षत ने पिता को गोली मारी और ऊपर के फ्लोर से लाश को घसीटते हुए नीचे लाया। पहले लाश को बाहर ठिकाने लगाने का सोचा, लेकिन यह अकेले संभव नहीं था, जिसके बाद उसने लाश के हाथ-पांव काटे और उसे बाहर फेंक आया, धड़ को नीले ड्रम में डालकर तेजाब से जलाने की तैयारी की, लेकिन सफल नहीं रहा।
खुद लिखवाने गया था गायब होने की रिपोर्ट
अक्षत इतना शातिर है कि वो खुद पिता के पार्टनर के साथ पुलिस थाने पहुंचा और शिकायत दी कि उसके पिता गायब हैं। दो दिन तक पुलिस तलाश करती रही, लेकिन मानवेंद्र का कहीं पता नहीं चला। सीसीटीवी फुटेज से पुलिस को शक हुआ, क्योंकि मानवेंद्र के घर आने का तो फुटेज था, बाहर जाने का नहीं। बाद में पुलिस पूछताछ के दौरान कृति ने भाई की करतूत बता दी। जिसके बाद मानवेंद्र सिंह की लाश को बरामद कर लिया गया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी को हिरासत में ले लिया गया है और उसके खिलाफ कानून की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया जाएगा।
