Himani Murder Case: हरियाणा पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ता हिमानी नरवाल हत्याकांड को लेकर बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने हिमानी नरवाल की हत्या मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी रोहतक में शनिवार को एक सूटकेस में हिमानी का शव मिलने के एक दिन बाद हुई, जब पुलिस ने मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया। इस मामले में पुलिस ने सोमवार को एक बड़ा खुलासा भी किया।
हिमानी मर्डर केस
चार्जर से घोंटा गया गला
हिमानी नरवाल की हत्या में मोबाइल चार्जर का इस्तेमाल हुआ है। बकौल पुलिस, झज्जर में मोबाइल की दुकान चलाने वाले आरोपी सचिन ने मोबाइल चार्जर से हिमानी नरवाल का गला घोंटा। दोनों की मुलाकात सोशल मीडिया के जरिए हुई थी और आरोपी हिमानी नरवाल के घर आता-जाता रहता था।
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, रोहतक रेंज के एडीजीपी कृष्ण कुमार राव ने बताया, ''झज्जर में मोबाइल की दुकान चलाने वाले आरोपी सचिन को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी और मृतका की मुलाकात सोशल मीडिया के जरिए हुई थी और वह उसके घर आता-जाता रहता था। हिमानी नरवाल विजय नगर रोहतक में अकेली रहती थी।''
शव से भरे सूटकेस को झाड़ियों में फेंका
उन्होंने कहा कि 27 फरवरी को वह (सचिन) उसके घर आया और किसी बात को लेकर दोनों में झगड़ा हुआ और आरोपी ने मोबाइल चार्जर केबल की मदद से उसकी हत्या कर दी। इसके बाद वह उसके (हिमानी नरवाल) गहने, फोन, लैपटॉप को झज्जर स्थित अपनी दुकान में छिपा दिया। बाद में आरोपी ने मृतका के शव को घर में रखे सूटकेस में भरकर सांपला बस स्टैंड के पास झाड़ियों में फेंक दिया।
पहले से शादीशुदा था सचिन
उन्होंने बताया कि उसे (आरोपी सचिन को) दिल्ली से गिरफ्तार किया गया है। आरोपी पहले से शादीशुदा था। उसके परिवार को मृतका के बारे में पता नहीं था...। हालांकि, पुलिस आरोपी को रिमांड में लेकर यह जानने की कोशिश करेगी कि आखिर दोनों के बीच किस बात को लेकर झगड़ा हुआ था। बकौल पुलिस, उनके बीच पैसों का लेन-देन भी था, हम इसकी भी पुष्टि करेंगे। जांच के दौरान सभी बातों की पुष्टि की जाएगी।
कौन थीं हिमानी नरवाल?
कांग्रेस की हरियाणा इकाई के नेताओं ने हिमानी नरवाल को एक सक्रिय और समर्पित कार्यकर्ता बताया। उन्होंने राहुल गांधी की अगुवाई वाली 'भारत जोड़ो' यात्रा में भी हिस्सा लिया था। हिमानी नरवाल कानून की पढ़ाई कर रही थीं और पिछले करीब एक दशक से पार्टी से जुड़ी हुई थीं।
