UP Congress President Aradhana Mishra Mona: उत्तर प्रदेश में अपने सांगठनिक ढांचे को नए सिरे से मजबूत करने के लिए कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व बहुत जल्द एक बड़ा फेरबदल करने जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, यूपी कांग्रेस के वर्तमान प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को पद से हटाया जाना लगभग तय माना जा रहा है। उनकी जगह रामपुर खास से तीन बार की विधायक और कांग्रेस विधायक दल की नेता अराधना मिश्रा 'मोना' को यूपी कांग्रेस की कमान सौंपी जा सकती है।
यूपी कांग्रेस में बड़े बदलाव की तैयारी: अजय राय की होगी छुट्टी! अराधना मिश्रा 'मोना' बन सकती हैं नई प्रदेश अध्यक्ष, समझें नया सोशल फॉर्मूला
इस बदलाव से ठीक एक दिन पहले कांग्रेस सांसद और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अजय राय के साथ वन-टू-वन (एकांत में) लंबी बैठक की थी, जिसमें उन्हें इस निर्णय की जानकारी दे दी गई है।
कौन हैं अराधना मिश्रा 'मोना'?
यूपी कांग्रेस के शीर्ष पद की सबसे मजबूत दावेदार मानी जा रही अराधना मिश्रा 'मोना' पार्टी का एक अनुभवी और जाना-माना चेहरा हैं:
राजनीतिक पृष्ठभूमि: वह प्रतापगढ़ की हाई-प्रोफाइल सीट 'रामपुर खास' से लगातार तीन बार विधायक चुनकर विधानसभा पहुंची हैं।
वरिष्ठ नेता की बेटी: अराधना मिश्रा कांग्रेस के दिग्गज एवं वरिष्ठ नेता प्रमोद तिवारी की बेटी हैं।
प्रियंका गांधी की करीबी: वह वर्तमान में यूपी में कांग्रेस विधायक दल की नेता हैं। प्रियंका गांधी वाड्रा के नेतृत्व में चले चर्चित अभियान 'लड़की हूं, लड़ सकती हूं' में भी अराधना मिश्रा ने अग्रिम भूमिका निभाई थी।
'ब्राह्मण + दलित + ओबीसी + मुस्लिम' सोशल इंजीनियरिंग फॉर्मूला
उत्तर प्रदेश में पार्टी का जनाधार बढ़ाने के लिए कांग्रेस नेतृत्व एक बड़े सोशल इंजीनियरिंग (सामाजिक समीकरण) मॉडल पर काम कर रहा है। अराधना मिश्रा के रूप में 'ब्राह्मण' चेहरे को आगे लाने के साथ ही पार्टी तीन कार्यकारी अध्यक्ष भी तैनात करने की तैयारी में है।
कार्यकारी अध्यक्ष पद की रेस में जिन नेताओं के नाम सबसे आगे चल रहे हैं:
-दानिश अली (मुस्लिम चेहरा)
-देवेंद्र निषाद (ओबीसी - निषाद समाज)
-सुशील पासी / तनुज पुनिया (सांसद) / राकेश राठौर (सांसद - दलित व पिछड़ा वर्ग)
हाल ही में वरिष्ठ नेता राजेंद्र पाल गौतम को यूपी का नया प्रदेश प्रभारी बनाया गया है। ऐसे में प्रदेश प्रभारी (दलित चेहरा) और अराधना मिश्रा (ब्राह्मण चेहरा) के साथ ओबीसी और मुस्लिम कार्यकारी अध्यक्षों का संतुलन बनाकर कांग्रेस राज्य में अपने कोर वोट बैंक को पुनर्जीवित करना चाहती है।
जल्द हो सकता है नए संगठन का आधिकारिक ऐलान
पंजाब के साथ-साथ यूपी कांग्रेस के संगठन में भी यह फेरबदल अंतिम चरण में है। सूत्रों का कहना है कि हाईकमान से हरी झंडी मिलने के बाद अगले कुछ ही दिनों में नई कार्यकारिणी और नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम का आधिकारिक तौर पर ऐलान कर दिया जाएगा।
