सीकर और शेखावाटी क्षेत्र के लिए कई महत्वपूर्ण रेल परियोजनाओं की घोषणा कर क्षेत्रवासियों को बड़ी सौगात दी गई है। बीकानेर में आयोजित योग दिवस कार्यक्रम से जयपुर लौटते समय रेल मंत्री कुछ देर के लिए सीकर रेलवे स्टेशन पर रुके, जहां उन्होंने रेलवे सुविधाओं के विस्तार और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने से जुड़े अहम फैसलों की जानकारी दी।
खाटूश्यामजी के नजदीक बनेगा रेलवे स्टेशन (फोटो-AI)
रेल मंत्री ने बताया कि खाटूश्यामजी आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सुंदरपुरा में नया रेलवे स्टेशन विकसित किया जाएगा। वर्तमान में अधिकांश श्रद्धालुओं को रींगस स्टेशन पर उतरने के बाद मंदिर तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है, लेकिन प्रस्तावित स्टेशन बनने के बाद यह दूरी काफी कम हो जाएगी। इससे देशभर से आने वाले भक्तों को यात्रा में बड़ी राहत मिलेगी।
उन्होंने कहा कि नए स्टेशन भवन के निर्माण की प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी। इसके लिए उपयुक्त भूमि और स्थान चयन का काम भी तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। रेलवे का लक्ष्य है कि श्रद्धालुओं को बेहतर और सुगम यातायात सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
आधुनिक पिट लाइन विकसित करने की भी घोषणा
इसके साथ ही सीकर रेलवे स्टेशन पर आधुनिक पिट लाइन विकसित करने की भी घोषणा की गई। इस सुविधा के शुरू होने से ट्रेनों के रखरखाव, निरीक्षण और संचालन संबंधी कार्य स्थानीय स्तर पर ही संभव हो सकेंगे। इससे सीकर से नई रेल सेवाएं शुरू करने का रास्ता भी आसान होगा। क्षेत्र के विद्यार्थियों, सैनिकों, व्यापारियों और रोजाना यात्रा करने वाले लोगों को इसका सीधा फायदा मिलने की उम्मीद है।
रेल मंत्री ने शेखावाटी क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक स्थलों—खाटूश्यामजी, जीण माता, शाकंभरी धाम और सालासर बालाजी—को जोड़ने वाले धार्मिक पर्यटन कॉरिडोर पर भी सकारात्मक संकेत दिए। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार इस परियोजना को गंभीरता से आगे बढ़ा रही है और आने वाले समय में इस दिशा में ठोस प्रगति देखने को मिलेगी।
उन्होंने विश्वास जताया कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से धार्मिक पर्यटन को नई गति मिलेगी, रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और शेखावाटी क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को भी मजबूत आधार मिलेगा।
