Satna News: मध्य प्रदेश के सतना जिले के कामता टोला इलाके में एक बिल्डिंग में अचानक भीषण आग लगने से अफरातफरी मच गई। आग की सूचना मिलते ही नगर निगम की फायर टीम की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का काम शुरू किया। घटना की जानकारी मिलने पर SDM सिटी राहुल सिलाड़िया भी मौके पर पहुंचे। बताया गया कि बिल्डिंग की तीसरी मंजिल पर कुछ बच्चों के फंसे होने की सूचना मिली थी। इसके बाद रेस्क्यू के लिए लिफ्टर को मौके पर बुलाया गया। वहीं, फायर ब्रिगेड के जवानों ने तीसरी मंजिल तक पहुंचकर बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया।
सतना में आग का तांडव
आसपास के मकानों को खाली कराया गया
हादसे के दौरान एहतियात के तौर पर आसपास के मकानों को खाली कराया गया। प्रशासन और पुलिस की टीम ने लोगों को घटनास्थल से दूर किया और लगातार अनाउंसमेंट के जरिए सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की। आग की लपटों की चपेट में आने से अनिल नामक युवक के घायल होने की जानकारी सामने आई है।
फिलहाल खतरे से बाहर हैं लोग
वहीं, आग और धुएं से पूजा सोंधिया, कमल सोंधिया और पवन कुशवाहा भी प्रभावित हुए। तीनों को इलाज के लिए जिला अस्पताल ले जाया गया। घटना के बाद SDM सिटी राहुल सिलाड़िया और CSP देवेंद्र प्रताप सिंह चौहान जिला अस्पताल पहुंचे और घायलों का हाल जाना। अधिकारियों के मुताबिक पूजा सोंधिया, कमल सोंधिया और पवन कुशवाहा की हालत फिलहाल ठीक है। हालांकि, डॉक्टरों की निगरानी में उन्हें अस्पताल में भर्ती रखा गया है।
बिल्डिंग के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठे
इस अग्निकांड के बीच बिल्डिंग के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि जिस भवन में आग लगी, वहां तंबाकू से जुड़ा काम भी संचालित किया जा रहा था। अगर जांच में यह बात सही पाई जाती है, तो यह जांच का अहम विषय होगा कि रिहायशी भवन में इस तरह की गतिविधि किस अनुमति के तहत संचालित हो रही थी। इसके अलावा भवन के इस्तेमाल, फायर सेफ्टी व्यवस्था और सुरक्षा मानकों को लेकर भी जांच की जाएगी। फिलहाल आग लगने के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल सका है। प्रशासन के सामने आग की वजह निर्धारित करने के साथ-साथ बिल्डिंग में संचालित गतिविधियों और वहां मौजूद सुरक्षा इंतजामों की जांच भी अहम चुनौती बनी हुई है।
