Mirzapur News: शारदीय नवरात्र के पावन पर्व के पहले दिन उत्तर प्रदेश के प्रसिद्ध शक्तिपीठ विंध्याचल धाम में आस्था का महाकुंभ उमड़ पड़ा। रविवार को नवरात्र की शुरुआत के साथ ही मां विंध्यवासिनी के दर्शन और पूजन के लिए देश के कोने-कोने से पहुंचे श्रद्धालुओं का तांता लग गया। सुबह मंगला आरती के बाद से ही मंदिर के चारों द्वारों और आसपास के रास्तों पर भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिली। मां के जयकारों से पूरा विंध्य क्षेत्र गूंज उठा।
विंध्याचल धाम में लगी भक्तों की भीड़
मंदिर के चारों द्वारों पर लगी लंबी कतारें
नवरात्र के पहले दिन मां दुर्गा के प्रथम स्वरूप मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना की जाती है। इसी के तहत सुबह से ही मंदिर के मुख्य द्वार संख्या 1, 2, 3 और 4 पर श्रद्धालुओं की लंबी-लंबी कतारें लगनी शुरू हो गईं। दूर-दराज से पहुंचे भक्तों ने घंटों अपनी बारी का इंतजार किया और माता के चरणों में शीश नवाकर अपने परिवार की सुख-समृद्धि तथा खुशहाली की कामना की। प्रशासन की ओर से सुगम दर्शन के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं, फिर भी सुबह से ही धाम में भारी चहल-पहल बनी हुई है।
10 जोन और 21 सेक्टर में बंटा मेला क्षेत्र
लाखों की संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा और विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग पूरी तरह मुस्तैद है। पूरे मेला क्षेत्र को सुरक्षा की दृष्टि से 10 जोन और 21 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। मेला क्षेत्र में सुरक्षा और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए 222 सीसीटीवी कैमरे और 4 अत्याधुनिक ड्रोन कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए 2,500 से अधिक पुलिसकर्मियों के साथ-साथ PAC, ATS, एंटी रोमियो स्क्वाड और अन्य सुरक्षा बलों को चप्पे-चप्पे पर तैनात किया गया है। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे शांतिपूर्वक कतार में लगकर दर्शन करें और किसी भी प्रकार की अफवाहों से बचें।
