Saurabh Rajput Murder Case: मेरठ के सनसनीखेज 'नीला ड्रम कांड' यानी सौरभ राजपूत हत्याकांड मामले में आज बेहद अहम दिन है। जिला जज अरविंद कुमार मिश्रा की अदालत इस हाई-प्रोफाइल मामले में आज अपना फैसला सुनाएगी। मार्च 2025 में सामने आए इस खौफनाक हत्याकांड की सुनवाई मेरठ जिला अदालत में लगभग 13 महीने तक चली। इस दौरान अदालत में कुल 126 पेशियां हुईं और अभियोजन पक्ष की ओर से 22 गवाहों के बयान दर्ज किए गए। वहीं, बचाव पक्ष ने अपनी दलीलों में मुख्य रूप से प्रत्यक्षदर्शी गवाह के न होने समेत कई कानूनी बिंदु अदालत के सामने रखे। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने फैसले के लिए बुधवार की तारीख तय की थी।
सौरभ राजपूत मर्डर केस (File Photo)
इस खौफनाक हत्याकांड में सौरभ राजपूत की पत्नी मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला आरोपी हैं। पुलिस के मुताबिक, सौरभ की हत्या करने के बाद आरोपियों ने उसके शव के टुकड़े किए और उन्हें सीमेंट से भरे नीले ड्रम में छिपा दिया। जांच के दौरान पुलिस ने हत्या से जुड़े हथियार और अन्य सामान बरामद करने का दावा किया था।
सौरभ के लापता होने पर परिवार ने दर्ज कराई थी रिपोर्ट
यह पूरा मामला मार्च 2025 में सामने आया था। 18 मार्च 2025 को इंद्रानगर निवासी बबलू ने ब्रह्मपुरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसमें उन्होंने पुलिस को बताया था कि उनके भाई सौरभ ने 2016 में मुस्कान रस्तोगी से प्रेम विवाह किया था। 2019 में मुस्कान के संबंध रंजन वाली गली में रहने वाले साहिल शुक्ला से हो गए थे, जिसके बाद से सौरभ काफी परेशान रहता था। सौरभ अक्सर कहता था कि उसे अपनी पत्नी और साहिल शुक्ला से जान का खतरा है। शिकायत के अनुसार, 5 मार्च 2025 से सौरभ अचानक लापता हो गया था। जिस मकान में वह किराए पर रहता था, वहां भी ताला लगा हुआ था। जिसके बाद बबलू ने आशंका जताई थी कि मुस्कान और साहिल ने मिलकर सौरभ की हत्या कर दी है।
3 मार्च को हुई थी सौरभ की हत्या
पुलिस ने 18 मार्च 2025 को इस हत्याकांड का खुलासा करते हुए बताया था कि 3 मार्च की रात को मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल ने मिलकर सौरभ की बेरहमी से हत्या कर दी थी। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों 5 मार्च को घूमने के लिए शिमला और मनाली चले गए थे। 17 मार्च को जब दोनों मेरठ लौटे, तो पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर सीमेंट से भरे नीले ड्रम से सौरभ के शव के टुकड़े बरामद किए थे।
सौरभ की निर्मम हत्या से जनता में भारी आक्रोश देखने को मिला था। 19 मार्च 2025 को जब दोनों आरोपियों को कड़ी सुरक्षा में कोर्ट में पेश किया गया था, तो आक्रोशित वकीलों ने साहिल की पिटाई कर दी थी, जिसे पुलिस ने बहुत मुश्किल से बचाया था। इसके बाद से सुरक्षा कारणों से दोनों आरोपियों की पेशी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हो रही थी, हालांकि इससे पहले 17 अप्रैल 2026 को दोनों को कड़ी सुरक्षा के बीच कोर्ट में पेश भी किया जा चुका है। आज आने वाले इस फैसले पर लोगों की निगाहें टिकी हुई हैं।
