Asad Ahmed Encounter: उमेश पाल हत्याकांड में शामिल अतीक अहमद के बेटे असद को पुलिस ने एनकाउंटर में ढेर कर दिया। इसके अलावा उसके साथी गुलाम को भी पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया। दोनों प्रयागराज के उमेश पाल हत्याकांड में फरार थे और इन पर पांच-पांच लाख रुपये का इनाम था। यूपी एसटीएफ ने कहा कि झांसी में डीएसपी नवेंदु और डीएसपी विमल के नेतृत्व में यूपीएसटीएफ की टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।
असद पुलिस एनकाउंटर में ढेर
अतीक अहमद के बेटे असद अहमद और गुलाम का एनकाउंटर करने वाली एसटीएफ की टीम में कुल 12 सदस्य शामिल थे। टीम में दो डिप्टी एसपी, दो कमांडो, दो इंस्पेक्टर, एक एसआई और पांच हेड कॉन्स्टेबल शामिल थे।
कौन हैं डीएसपी नवेंदु सिंह?
नवेंदु सिंह को स्पेशल टास्क फोर्स में साल 2018 में शामिल किया गया था और इस समय वे एसटीएफ में डीएसपी (DSP) के पद पर तैनात हैं। कुछ साल पहले एक डकैत से मुठभेड़ में नवेंदु सिंह के हाथ और गर्दन में गोली लग गई थी। पिछले साल ही दो ईनामी बदमाशों को नवेंदु सिंह ने ढेर किया था। इसके लिए वह 2008 में राष्ट्रपति वीरता पदक और 2014 में राष्ट्रीय पराक्रम पदक से नवाजे जा चुके हैं। 2022 में भी नवेंदु सिंह को उनकी वीरता के लिए स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।
कौन हैं डीएसपी विमल कुमार?
डीएसपी विमल कुमार मूल रूप से यूपी के जौनपुर के रहने वाले हैं। वो यूपी कैडर के अधिकारी हैं और यूपी एसटीएफ में डीएसपी पद पर हैं। उनकी पोस्टिंग लखनऊ में है। उन्होंने नवेंदु सिंह के साथ मिलकर इस ऑपरेशन को अंजाम दिया।उमेश पाल हत्याकांड में फरार था असद
बता दें कि बसपा विधायक राजू पाल की हत्या के मामले के मुख्य गवाह उमेश पाल और उसके दो सुरक्षा गार्ड की इस साल 24 फरवरी को प्रयागराज के धूमनगंज इलाके में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस हत्याकांड में असद ही । पुलिस उसे पिछले डेढ़ महीने से खोज रही थी, लेकिन वह हर बार पुलिस को चकमा देकर फरार हो रहा था। आज पुलिस को उसके झांसी में होने की भनक लगी और टीम ने उसका एनकाउंटर कर दिया। असद और गुलाम के पास से पुलिस को विदेशी अत्याधुनिक हथियार मिले हैं।
