कल का मौसम (Kal Ka Mausam): मौसम का मिजाज इन दिनों तेजी से बदल रहा है। एक ओर दक्षिण-पश्चिम मानसून लगातार नए क्षेत्रों में आगे बढ़ रहा है, तो दूसरी ओर कई राज्यों में भारी बारिश, आंधी-तूफान और लू का असर एक साथ देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, मुंबई समेत पहाड़ी राज्यों के लिए मौसम पूर्वानुमान और चेतावनी जारी की है। उससे पहले अगर बात वेदर सिस्टम की करें तो समुद्र तल पर मौसमी द्रोणिका (ट्रफ) उत्तर राजस्थान से बिहार तक फैली हुई है, जबकि निचले वायुमंडलीय स्तरों में एक अन्य द्रोणिका उत्तर बिहार से उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी तक विस्तृत है। इसके अलावा, उत्तर एवं मध्य बंगाल की खाड़ी के आसपास निचले और मध्य क्षोभमंडलीय स्तरों में एक चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) सक्रिय बना हुआ है। वहीं, एक पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश और उससे सटे क्षेत्रों पर चक्रवाती परिसंचरण के रूप में मौजूद है। हरियाणा के उत्तरी भाग, लक्षद्वीप क्षेत्र और उत्तर गुजरात के आसपास भी अलग-अलग स्तरों पर चक्रवाती परिसंचरण बने हुए हैं। इन मौसम प्रणालियों के प्रभाव से कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक, तेज हवाएं और मानसूनी गतिविधियों में बढ़ोतरी होने की संभावना बनी हुई है।
कल का मौसम कैसा रहेगा? (AI फोटो)
क्या है IMD का पूर्वानुमान?
मौसम विभाग की ताजा जानकारी के मुताबिक, 24 जून को दक्षिण-पश्चिम मानसून ने गुजरात और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों, महाराष्ट्र के बाकी क्षेत्रों तथा छत्तीसगढ़ और झारखंड के अन्य भागों में आगे बढ़त दर्ज की है। अनुमान है कि अगले 2 से 3 दिनों के दौरान मानसून गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के बाकी हिस्सों के साथ-साथ उत्तर प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में और आगे बढ़ सकता है। इसके बाद के 2 से 3 दिनों में गुजरात, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के अन्य हिस्सों तथा उत्तराखंड के कुछ क्षेत्रों में भी मानसून के पहुंचने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं। वहीं, पश्चिमी तट, पूर्वोत्तर भारत तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में पूरे हफ्ते भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। खासतौर से 27 और 28 जून को उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। दूसरी ओर, पूर्वी उत्तर प्रदेश में अगले 4 से 5 दिनों तक लू चलने की आशंका है, जबकि उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश और बिहार के कुछ इलाकों में अगले 2 से 3 दिनों तक हीट वेव की स्थिति बनी रह सकती है।
दिल्ली में कल का मौसम कैसा रहेगा?
दिल्ली में कल आसमान बादलों से घिरा रह सकता है। दोपहर और शाम के समय गरज वाले बादलों के विकसित होने की संभावना जताई गई है। इस दौरान अधिकतम तापमान 38 से 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। न्यूनतम तापमान अधिकांश क्षेत्रों में सामान्य के आसपास बना रहेगा, जबकि कुछ स्थानों पर यह सामान्य से थोड़ा कम दर्ज हो सकता है। वहीं, अधिकतम तापमान भी ज्यादातर इलाकों में सामान्य स्तर के करीब रहेगा, हालांकि कुछ स्थानों पर यह सामान्य से थोड़ा अधिक रह सकता है। हवा की दिशा मुख्य रूप से पश्चिमी रहने की संभावना है। सुबह के समय सतही हवाओं की गति करीब 15 किलोमीटर प्रति घंटा तक रह सकती है। दोपहर में हवाओं की रफ्तार बढ़कर लगभग 20 किलोमीटर प्रति घंटा हो सकती है और उनकी दिशा दक्षिण-पश्चिमी हो जाएगी। शाम और रात के दौरान हवा की गति फिर घटकर करीब 15 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है तथा हवाएं पश्चिम दिशा से चलने की संभावना है।
यूपी में कल का मौसम
25 जून 2026 को उत्तर प्रदेश के मौसम में एक बार फिर बदलाव देखने को मिल सकता है। राज्य के कई हिस्सों में बादलों की आवाजाही बनी रहने और कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ वर्षा की गतिविधियां दर्ज हो सकती हैं। हालांकि, पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में गर्मी से राहत अभी पूरी तरह नहीं मिलेगी और अगले कुछ दिनों तक लू जैसी परिस्थितियां बनी रह सकती हैं। मौसम विभाग ने कुछ स्थानों पर तेज हवाएं चलने और बिजली चमकने की भी संभावना जताई है। वहीं, मानसून के राज्य के और हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं, जिससे आने वाले दिनों में वर्षा की गतिविधियों में और बढ़ोतरी हो सकती है।
बिहार में कल के मौसम का हाल
बिहार में कल उमस और गर्मी का असर बना रहने की संभावना है। हालांकि राज्य के विभिन्न हिस्सों में आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं तथा कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग का कहना है कि कई क्षेत्रों में बिजली चमकने और तेज हवाएं चलने की आशंका भी है। वहीं, राज्य के कुछ इलाकों में अभी भी लू जैसी परिस्थितियां बनी रह सकती हैं, जिससे लोगों को दिन के समय गर्मी का सामना करना पड़ सकता है।
राजस्थान में अगले पांच दिनों का मौसम कैसा रहेगा?
राजस्थान में अगले पांच दिनों के दौरान मौसम में धीरे-धीरे बदलाव देखने को मिल सकता है। राज्य के पूर्वी और पश्चिमी दोनों हिस्सों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं भी चल सकती हैं। 26 से 30 जून के बीच पूर्वी राजस्थान में आंधी, बिजली चमकने और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने के आसार हैं। वहीं, पश्चिमी राजस्थान में भी कुछ स्थानों पर तेज हवाओं और धूल भरी आंधी की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। मानसून के धीरे-धीरे आगे बढ़ने के कारण राज्य के कई इलाकों में मौसम अपेक्षाकृत सुहावना होने लगेगा और तापमान में भी कुछ कमी आ सकती है। हालांकि, कुछ क्षेत्रों में दिन के समय गर्मी और उमस का असर बना रह सकता है।
मुंबई बारिश का सिलसिला जारी
वहीं मुंबई में मंगलवार को रातभर बारिश हुई और भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मुंबई, ठाणे और पालघर के लिए ओरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग ने बुधवार तड़के चार बजे मुंबई और पालघर के लिए तीन घंटे का रेड अलर्ट जारी किया था। विभाग ने इस दौरान गरज के साथ बारिश होने, बिजली गिरने, अत्यधिक तेज बारिश होने और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की चेतावनी दी थी। दक्षिण-पश्चिम मानसून अपनी सामान्य आगमन तिथि से 13 दिन की देरी से मंगलवार को मुंबई पहुंचा जिससे भीषण गर्मी से राहत मिली। वहीं कल 25 जून को शहर और आसपास के क्षेत्रों में मानसूनी गतिविधियां और तेज बनी रह सकती है। दिनभर आसमान में घने बादल छाए रह सकते हैं और कई इलाकों में रुक-रुक कर मध्यम से भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।
पहाड़ी राज्यों में कैसा रहेगा मौसम?
अगले कुछ दिनों में देश के पहाड़ी राज्यों का मौसम काफी सक्रिय रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों में रुक-रुक कर बारिश का दौर जारी रह सकता है। कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ वर्षा होने की संभावना है, जबकि कुछ इलाकों में तेज हवाएं भी चल सकती हैं। 29 और 30 जून के दौरान हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में बारिश की गतिविधियां और बढ़ने के आसार हैं, तथा कुछ स्थानों पर भारी वर्षा भी दर्ज की जा सकती है। लगातार बादल छाए रहने और बारिश होने से तापमान में गिरावट आएगी, जिससे मौसम सुहावना बना रहेगा। वहीं IMD ने स्थानीय लोगों और पर्यटकों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
कहां दिखेगा हीटवेव का असर?
IMD की वेदर रिपोर्ट के मुताबिक, आगामी दिनों में देश के कुछ हिस्सों में लू और गर्म रातों का असर बना रह सकता है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 27 जून तक और विदर्भ क्षेत्र में 25 जून तक गर्म हवाओं का सिलसिला देखने को मिल सकता है। वहीं, झारखंड के कुछ इलाकों में 25 जून को रात के समय भी तापमान पहले की तुलना में अधिक रहने की आशंका है, जिससे लोगों को उमस और गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। तापमान के पूर्वानुमान के अनुसार, मध्य भारत में अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है, जिसके बाद इसमें धीरे-धीरे 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है। महाराष्ट्र में 25 जून तक दिन के तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक कमी आने का अनुमान है, जबकि इसके बाद खास बदलाव की संभावना नहीं है। देश के अन्य अधिकांश हिस्सों में 28 जून तक अधिकतम तापमान में किसी बड़े परिवर्तन की उम्मीद नहीं की गई है।
