दिल्ली

दिल्ली में बड़ा साइबर फ्रॉड का खुलासा, एक अफ्रीकी ने 100 से ज्यादा महिलाओं को ऐसे बनाया शिकार

DCP शाहदरा प्रशांत गौतम का कहना है कि आरोपी से पूछताछ जारी है। उसके शिकार बने अन्य पीड़ितों की पहचान भी की जा रही है। साथ ही उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर अंजान प्रोफाइल से दोस्ती करने और पैसों से जुड़ी मांगों पर आंख मूंदकर भरोसा न करें।

Image

दिल्ली में बड़ा साइबर फ्रॉड का खुलासा

Delhi Cyber Fraud: शाहदरा साइबर पुलिस ने एक अफ्रीकी नागरिक को गिरफ्तार कर महिलाओं को ठगने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। आरोपी सोशल मीडिया ऐप Hello Talk पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर खुद को यू.के. में बसे कोरियन बिजनेसमैन के रूप में पेश करता था और महिलाओं को झांसे में लेकर ठगी करता था।

मामला कैसे शुरू हुआ?

शाहदरा की रहने वाली एक महिला, अंजलि (बदला हुआ नाम), Hello Talk ऐप के जरिए 'डक यंग' नाम के शख्स से जुड़ी। उसने खुद को लंदन में बसे कोरियन ज्वेलरी व्यापारी के तौर पर पेश किया। धीरे-धीरे उसने महिला का भरोसा जीत लिया। बाद में उसने झूठा ड्रामा रचा कि वह मुंबई एयरपोर्ट पर मेडिकल कार्ड न होने की वजह से इमीग्रेशन अफसरों ने रोक लिया है।

इसके बाद महिला को दो अलग-अलग मोबाइल नंबरों से कॉल आईं। कॉल करने वालों ने खुद को इमीग्रेशन अधिकारी बताकर क्लियरेंस के नाम पर पैसे मांगे। महिला ने भरोसा कर ₹48,500/- UPI से ट्रांसफर कर दिए। जब ₹2 लाख और मांगे गए तो उसने शक किया और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस की कार्रवाई

मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर थाना शाहदरा की टीम इंस्पेक्टर अमित धानी की अगुवाई में गठित की गई। तकनीकी जांच और मोबाइल डेटा खंगालने के बाद पुलिस ने आरोपी स्टेफेन उर्फ के सी डोमिनिक (29 वर्ष, अफ्रीकी नागरिक) को तिलक नगर से गिरफ्तार किया।

उसके मोबाइल से Hello Talk ऐप पर फर्जी प्रोफाइल और 100 से ज्यादा महिलाओं से चैट के सबूत मिले। सभी को उसी तरह कोरियन बिज़नेसमैन बनकर फंसाया गया था।

कौन है आरोपी?

आरोपी नाइजीरिया का रहने वाला है। 2019 में उसने आइवरी कोस्ट से पासपोर्ट बनवाकर भारत का वीज़ा लिया और यहां आया। वीज़ा खत्म होने के बाद भी अवैध रूप से भारत में रह रहा था। खर्च पूरे करने के लिए उसने ठगी का रास्ता अपनाया और महिलाओं को शिकार बनाना शुरू कर दिया।

कैसे करता था ठगी?

-फर्जी पहचान 'डक यंग' नाम से बनाई।

-खुद को लंदन में बसे कोरियन ज्वेलरी व्यापारी के तौर पर पेश करता था।

-महिलाओं से नजदीकी बढ़ाता और फिर भारत आने का नाटक करता।

-मुंबई एयरपोर्ट पर इमीग्रेशन अफसरों द्वारा रोके जाने का बहाना बनाता।

-फिर सहयोगी बनकर कॉल करने वाले लोग 'इमीग्रेशन अफसर' बनकर पैसे वसूलते।

आरोपी से क्या बरामदगी हुई?

आरोपी के पास से एक मोबाइल फोन, जिसमें फर्जी प्रोफाइल और बातचीत के सबूत मिले। DCP शाहदरा प्रशांत गौतम का कहना है कि आरोपी से पूछताछ जारी है। उसके शिकार बने अन्य पीड़ितों की पहचान भी की जा रही है। साथ ही उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर अंजान प्रोफाइल से दोस्ती करने और पैसों से जुड़ी मांगों पर आंख मूंदकर भरोसा न करें।

देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (Hindi News) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। शहर (Delhi News) अपडेट और चुनाव (Elections) की ताजा समाचार के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से।

Mohit Om
मोहित ओमauthor

जनमानस की खबर को पाठकों तक पहुंचाना ही एकमात्र लक्ष्य। एक दशक से ज्यादा पत्रकारिता का अनुभव। अपराध के पीछे की साजिश को बेपर्दा करने वाली हर खबर पर पैनी निगाह रखता हूँ।

और पढ़ें
End of Article