CM Yogi Adityanath Gonda Visit: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोंडा दौरे के दौरान कहा कि उत्तर प्रदेश में अब वह दौर समाप्त हो चुका है, जब त्योहारों और धार्मिक आयोजनों के दौरान उपद्रव और तनाव की घटनाएं आम बात हुआ करती थीं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश में दंगाइयों और अराजक तत्वों के हौसले बुलंद थे, लेकिन अब कानून व्यवस्था मजबूत हुई है और किसी भी प्रकार की अशांति फैलाने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाती है। शनिवार को मुख्यमंत्री ने गोंडा जिले के कटरा और करनैलगंज विधानसभा क्षेत्रों में कुल 516 करोड़ रुपये की लागत वाली 262 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए, बच्चों का अन्नप्राशन कराया तथा प्रदर्शनी स्टॉलों का निरीक्षण भी किया।
आज गोंडा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (फोटो- Twitter: @myogiadityanath)
विकास और निवेश के लिए सुरक्षित वातावरण जरूरी
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास और निवेश के लिए सुरक्षित वातावरण आवश्यक है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश पहचान और विकास के संकट से जूझ रहा था, जबकि आज राज्य के सभी जिलों, तहसीलों, विकास खंडों और ग्राम पंचायतों तक सरकारी योजनाओं का लाभ बिना भेदभाव पहुंच रहा है। उन्होंने गोंडा के युवाओं, किसानों, महिलाओं, कारीगरों और हस्तशिल्पियों की सराहना करते हुए कहा कि जिले की प्रतिभा और परिश्रम ने प्रदेश की प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि लंबे समय तक तुष्टिकरण, जातिवाद और परिवारवाद की राजनीति के कारण गोंडा अपेक्षित विकास से वंचित रहा। इसके चलते युवाओं के सामने रोजगार और पहचान का संकट उत्पन्न हुआ। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के विकास कार्यों का परिणाम है कि आज उत्तर प्रदेश की छवि देशभर में बदली है और यहां के युवाओं को सम्मान तथा अवसर दोनों मिल रहे हैं।
अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सरकारी भर्तियों में पारदर्शिता सुनिश्चित की गई है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि हाल ही में हुई यूपी पुलिस भर्ती में गोंडा समेत आसपास के जिलों के हजारों युवाओं को बिना किसी भेदभाव के रोजगार मिला है। उन्होंने कहा कि अब निवेश केवल पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं है, बल्कि पूर्वांचल और तराई क्षेत्रों में भी औद्योगिक गतिविधियां बढ़ रही हैं, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिल रहे हैं। राम मंदिर निर्माण का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार की प्रतिबद्धता के कारण अयोध्या में भव्य मंदिर का निर्माण संभव हो पाया। अब अयोध्या में रामभक्त ही जा सकते हैं, रामद्रोही नहीं। उन्होंने आगे कहा कि आज प्रदेश में विकास और सांस्कृतिक विरासत दोनों को समान महत्व दिया जा रहा है। सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक बिना किसी भेदभाव के पहुंचाया जा रहा है।
स्वच्छता और विकास की नई पहचान बन रहा गोंडा
मुख्यमंत्री ने बताया कि गोंडा में मेडिकल कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, कृषि कॉलेज और आधुनिक शैक्षणिक संस्थानों का विकास किया जा रहा है। इसके अलावा जिले में आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए कई परियोजनाएं स्वीकृत की गई हैं। मटियारी घाट पर दीर्घ सेतु निर्माण, घाघरा नदी तट पर बाढ़ नियंत्रण कार्य, टेढ़ी नदी पर लंबे समय से लंबित पुल का निर्माण, रमापुर में पशु चिकित्सालय तथा करनैलगंज आईटीआई में आधुनिक कार्यशाला जैसी योजनाएं क्षेत्रीय विकास को नई गति देंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक खेती और हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए भी लगातार काम कर रही है। प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत सौर ऊर्जा के इस्तेमाल को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे ऊर्जा जरूरतों की पूर्ति के साथ पर्यावरण संरक्षण में भी मदद मिलेगी। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2017 में गोंडा को देश के सबसे गंदे शहरों में गिना जाता था, जबकि आज यह स्वच्छता और विकास के क्षेत्र में नई पहचान बना रहा है। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की कि वे प्रगतिशील और जनहित में कार्य करने वाले जनप्रतिनिधियों का समर्थन करें, क्योंकि प्रदेश और आने वाली पीढ़ियों का भविष्य विकास से ही सुरक्षित हो सकता है।
