Bhopal: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में पीडब्ल्यूडी के ईएनसी केपीएस राणा ने रविवार को मोबाइल लैब के साथ शहर की सड़कों का निरीक्षण किया। उन्होंने अवधपुरी क्षेत्र में एमजीएम स्कूल से खजूरी बाईपास तक 1.6 किमी लंबी और 30 फीट चौड़ी सड़क के निर्माण की स्थिति का मुआयना किया। इस सड़क के निर्माण में जमीन अधिग्रहण की कमी और अन्य लापरवाहियों का सामना करना पड़ा है।
20 साल से नहीं बन पाई अवधपुरी में एक सड़क
बीस साल पहले शुरू हुआ था सड़क का निर्माण
राणा ने सड़क पर डामर के सैंपल लिए और उसकी मोटाई को वर्नियर कैलिपर से मापा, जो 78 से 32 मिमी के बीच थी। यह सड़क पिछले 20 वर्षों से नहीं बन पाई है, जबकि सितंबर 2023 में पीडब्ल्यूडी ने इसका निर्माण कार्य शुरू किया था। इस सड़क के बन जाने से खजूरी बाईपास से डीआरएम ऑफिस का सीधा जुड़ाव होगा, जिससे एम्स, आरकेएमपी, होशंगाबाद रोड, बावड़िया कला और कोलार रोड तक पहुंच आसान हो जाएगी। हालांकि, एमजीएम स्कूल की जमीन को लेकर विवाद और खजूरी बाईपास के बीच सड़क के लिए जमीन का अधिग्रहण न होना प्रमुख समस्याएं हैं।
राणा ने निर्माणाधीन हमीदिया रोड का भी निरीक्षण किया, जहां सड़क की मोटाई 30, 29 और 32 सेमी पाई गई। इसके अलावा, सीएम हेल्पलाइन में सड़क निर्माण में हो रही देरी को लेकर कई शिकायतें लंबित हैं। राणा ने पौधरोपण के लिए मयूर पार्क और प्रकाश तरण पुष्कर का भी मुआयना किया, जहां पीडब्ल्यूडी मंत्री राकेश सिंह 1 जुलाई को पौधरोपण करने की योजना बना रहे हैं। निरीक्षण के बाद दो इंजीनियरों को नोटिस जारी किया गया है।
