Ujjain Rape Case : उज्जैन में 12 साल की नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म घटना को लेकर सभी को झंझोड़ कर रख दिया है। पूरे घटनाक्रम में पुलिस ने देर रात खुलासा भी कर दिया है वही पूरे मामले को लेकर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक यादव ने बताया कि ऐसे आरोपियों की बार एसोसिएशन का कोई भी सदस्य पैरवी भी नहीं करेगा। साथ ही ऐसे आरोपियों को कड़ी सजा होनी चाहिए। वही पूरी घटना को लेकर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक यादव ने निंदा करते हुए पुलिस से भी मांग की है कि ऐसे आरोपी पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। बार एसोसिएशन का कोई भी सदस्य आरोपियों की पैरवी भी नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि हम कोशिश करेंगे कि ऐसे लोगों को फांसी की सजा हो ताकि जिससे समाज में एक संदेश जाए और महिलाओं के साथ आने वाले समय में इस तरह की कोई भी घटना ना हो।
उज्जैन रेप के आरोप का केस नहीं लड़ेंगे वकील, (प्रतीकात्मक तस्वीर)
गौर हो कि बलात्कार और क्रूरता करने के मामले में हिरासत में लिए गए एक ऑटो रिक्शा चालक को गिरफ्तार किया गया। पीड़िता तीन दिन पहले सोमवार को शहर की सड़कों पर घायल हालत में घूमती पाई गई थी। जांच के दौरान हिरासत में लिए गए आरोपी भरत सोनी को जब पुलिस फटे कपड़े जैसे सबूत इकट्ठा करने के लिए घटनास्थल पर ले गई तो उसने भागने की कोशिश की।
पुलिसकर्मियों ने उसका पीछा किया और उसे पकड़ लिया गया। उन्होंने बताया कि यह घटना जीवन खेड़ी इलाके के पास हुई और झड़प में दो पुलिसकर्मी भी घायल हो गए। अधिकारी ने बताया कि मामले में एकमात्र आरोपी सोनी शहर के नानाखेड़ा इलाके का निवासी है। पुलिस ने पहले सीसीटीवी फुटेज के आधार पर उसे हिरासत में लिया था और दावा किया था कि उसके ऑटो रिक्शा की यात्री सीट पर खून के धब्बे मिले हैं।
लड़की सोमवार को महाकाल थाने की सीमा में एक सड़क पर खून से लथपथ मिली थी। मेडिकल जांच में पता चला कि उसके साथ बलात्कार हुआ है। बुधवार को इंदौर के शासकीय महाराजा तुकोजीराव होलकर महिला मेडिकल कॉलेज में एक्स्पर्ट डॉक्टरों की एक टीम ने उनका ऑपरेशन किया। नाबालिग बलात्कार पीड़िता से बातचीत की और पाया कि वह सतना जिले की है। हालांकि सतना पुलिस ने कहा है कि यदि यह वही लड़की है जिसके बारे में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी तो इसकी पुष्टि उसके परिवार द्वारा उसकी पहचान करने के बाद होगी।
