Ayodhya Ram Mandir Trust CEO News: रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा कोअयोध्या स्थित राम मंदिर ट्रस्ट का पहला CEO बनाया गया है। उनके अलावा नए सदस्यों की नियुक्ति भी की गई है। हालांकि, आधिकारिक घोषणा ट्रस्ट की तरफ से कुछ ही देर में होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस में की जाएगी। सूत्रों के अनुसार, जिन तीन सदस्यों की नियुक्ति हुई है, उनमें अयोध्या, दिल्ली और शिकोहाबाद के सदस्य शामिल हैं।
रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा बने राम मंदिर के पहले CEO
कौन हैं राम मंदिर मे नए CEO
एयरमार्शल जितेंद्र मिश्रा रिटायर होने से पहले लगभग 38 साल तक सेना में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। उन्होंने कारगिल युद्ध में भी भाग लिया था। वह पश्चिमी एयरकमांड के चीफ भी रह चुके हैं। उन्होंने ऑपरेशन सफेद सागर और ऑपरेशन सिंदूर में भी अहम भूमिका निभाई थी।
किनकी हुई नियुक्ति?
मदन मोहन पांडेय - अयोध्या
महेश भागचन्दका - दिल्ली
निर्मला यादव - शिकोहाबाद
3500 से अधिक आवेदनों की हुई स्क्रीनिंग
अयोध्या स्थित राम मंदिर के पहले पूर्णकालिक मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) की नियुक्ति के लिए श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की बुधवार को बैठक हुई। जिसमें 5,585 आवेदनों में से किसी एक व्यक्ति को सीईओ चुना जाना था। आखिरकार रिटायर्ड एयरमार्शल जितेंद्र मिश्रा के नाम पर मुहर लगाई गई।
ट्रस्टी के तौर पर चुने गए तीन उम्मीदवारों में से किसी एक को सीईओ बनाने की अटकलें थीं, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि बैठक में ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास, स्वामी कमलनयन दास, अंतरिम महासचिव डॉ. कृष्ण मोहन, ट्रस्टी महंत दीनेंद्र दास और कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि सहित अन्य लोग मौजूद थे।
ट्रस्ट की यह बैठक ऐसे समय में हुई है, जब मंदिर को प्राप्त दान के कथित गबन को लेकर विवाद चल रहा है। इस मामले में आठ लोगों की गिरफ्तारी हुई है और ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय, ट्रस्टी अनिल मिश्रा और एक अन्य पदाधिकारी ने इस्तीफा दे दिया है। ट्रस्ट की धार्मिक मामलों की समिति से जुड़े स्वामी कमलनयन दास ने बैठक से पहले कहा कि उनकी प्राथमिकता मंदिर का सुचारू संचालन है।
