किन्नौर : रिब्बा गांव के पास पहाड़ी क्षेत्र में किन्नौर कैलाश पर्वत के नीचे हिमस्खलन (Avalanche) हुआ है। हिमस्खलन नाले में गिरने के कारण जानमाल का कोई नुकसान नहीं हुआ, लेकिन अचानक हुई इस घटना से पूरे क्षेत्र में अफरातफरी मच गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हिमस्खलन गिरने से पूरे इलाके में बर्फ का गुब्बार उठ गया और तेज बर्फीली हवाओं का असर महसूस किया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि फिलहाल कोई नुकसान नहीं हुआ है, लेकिन क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है।
किन्नौर में हिमस्खलन
प्रशासन ने स्थानीय लोगों, पर्यटकों और यात्रियों से अपील की है कि वे ऊंचाई वाले क्षेत्रों में अनावश्यक यात्रा से बचें और मौसम विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। साथ ही सीमा क्षेत्रों, पर्वतीय ढलानों और बर्फ से ढके इलाकों में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। इससे जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें साफ दिख रहा है कि अचानक पहाड़ से बर्फ फिसल कर नीचे की ओर आ रही है। इस दौरान पूरा इलाका सफेद चादर में लिपट गया। गनीमत रही की किसी प्रकार की कोई अनहोनी नहीं हुई। फिलहाल, प्रशासन ने लोगों को बर्फीले पहाड़ों से दूरी बनाए रखने के लिए कहा है।
हिमाचल प्रदेश का मौसम कैसा है?
दरअसल, हिमाचल प्रदेश में बारिश और बर्फबारी से मौसम काफी सर्दी है। कई जिलों में गरज चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने का येलो अलर्ट घोषित है। आईएमडी का पूर्वानुमान है कि कुल्लू, मनाली, शिमला, किन्नौर, कल्पा, लाहौल स्पीति और कुफरी समेत कई जिलों में तेज बर्फबारी व कहीं-कहीं बारिश हो रही है। वहीं, हमीरपुर, शिमला, मनाली, नदौन, सोलन में बारिश से मौसम बदला हुआ है। फिलहाल, लाहौल स्पीति और ताबों में न्यूनतम तापमान माइनस 5 डिग्री सेल्सियस के आसपास है। मौसम विभाग ने 3 फरवरी तक ऊंचाई वाले स्थानों पर हिमपात और बारिश जारी रहने की संभावना जताई है।
