Mahashivratri 2024: अगरा में कई सुंदर और ऐतिहासिक इमारते हैं। यहां दुनिया का 7वां अजूबा ताज महल भी है। वहीं इसी जगह प्राचीन और ऐतिहासिक मंदिर भी हैं। ये मंदिर खासर भगवान भोलेनाथ के हैं, जो लोगों की आस्था का केंद्र हैं। यहां दूर-दराज से लोग भगवान शिव की पूजा-अर्जना करने आते हैं। कहते हैं कि यहां भगवान भोलेनाथ की असीम कृपा बनी हुई है। चलिए आज आगरा स्थित महादेव के इस प्राचीन मंदिर के बारे में जानते हैं।
आगरा, शिव मंदिर
आगरा के मथुरा हाइवे पर यह प्राचीन कैलाश मंदिर है। यहां देश के कोने-कोने से लोग आते हैं। मंदिर की खासियत यह है कि यहां दो शिवलिंग एक साथ स्थापित हैं। कहा जाता है कि इन दोनों शिवलिंगों को महर्षि परशुराम और उनके पिता जमदग्नि कैलाश पर्वत से लेकर आए थे।
आगरा में है कैलाशधाम
यहां के लोगों का मानना है कि त्रेतायुग में महर्षि परशुराम और उनके पिता जमदग्नि ने अपनी घोर तपस्या के महादेव को प्रसन्न किया था। जब भोलेनाथ उनसे वर मांगनो को कहा तो उन्होंने महादेव को अपने साथ चलने का आग्रह किया था। जिसके बाद कैलाश से लाए इन दोनों शिवलिंग को यहां स्थापित किया गया। इसके बाद से यह जगह कैलाशधाम कहा जाता है।
हर साल होता है मेले का आयोजन
मंदिर को लेकर भक्तों का मानना है कि यहां जो भी मांगा जाए भगवान भोलेनाथ वो सारी मनोकामना पूर्ण करते हैं। इस मंदिर में शिवरात्रि पर देश विदेश से भी श्रद्धालु आकर शिव की पूजा करते हैं। वहीं यहां हर साल सावन पर मेले का आयोजन भी किया जाता है।
