क्या है 'अनाथ-विधवा सेस' जिससे बढ़े तेल के दाम? आखिर किस काम आएगा आपकी जेब से निकला यह पैसा

हिमाचल प्रदेश में पेट्रोल-डीजल पर 'अनाथ और विधवा सेस' लगने से कीमतें बढ़ गई हैं। आखिर क्या है यह खास सेस, सरकार को इसकी जरूरत क्यों पड़ी और आपकी जेब से निकलने वाला यह पैसा किस काम आएगा?

हिमाचल प्रदेश सरकार ने राज्य में पेट्रोल और डीजल पर प्रति लीटर 60 पैसे का 'अनाथ और विधवा सेस' (Orphan and Widow Cess) लागू कर दिया है। इस फैसले के बाद प्रदेश भर में ईंधन की कीमतों में इजाफा हो गया है। आम जनता के मन में यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि आखिर यह सेस क्या है, सरकार ने इसे लागू क्यों किया है और जनता की जेब से वसूला जाने वाला यह अतिरिक्त पैसा कहां खर्च किया जाएगा। ऐसे में आइए आपको बताते हैं आखिर क्या है ये और इसका पैसा कहां इस्तेमाल होगा?

widow Orphan cess

आखिर किस काम आएगा आपकी जेब से निकला यह पैसा

क्या होता है सेस?

आसान शब्दों में कहें तो 'सेस' (Cess) एक प्रकार का कर या उपकर होता है, जिसे सरकार किसी खास सामाजिक या कल्याणकारी उद्देश्य के लिए वसूलती है। सामान्य टैक्स का पैसा सरकार किसी भी मद में खर्च कर सकती है, लेकिन सेस के जरिए जुटाया गया फंड केवल उसी निर्धारित योजना या वर्ग के कल्याण के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है जिसके लिए उसे लगाया गया है। हिमाचल सरकार द्वारा लगाए गए इस 60 पैसे प्रति लीटर के सेस से मिलने वाले राजस्व का इस्तेमाल राज्य के अनाथ बच्चों, एकल नारियों (विधवाओं) और कमजोर वर्ग के लोगों की मदद के लिए किया जाएगा।

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