Indian Stock Market: सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में गिरावट का दौर जारी रहा, जहां सेंसेक्स 644.45 अंक (0.84%) गिरकर 75,294.76 पर पहुंच गया और निफ्टी 203.8 अंक (0.88%) गिरकर 22,725.45 के स्तर पर पहुंच गया। सेंसेक्स के, एमएंडएम, टाटा स्टील, इंफोसिस, टीसीएस और आईसीआईसीआई बैंक में 3.5% तक की गिरावट आई, जबकि बजाज फिनसर्व, सन फार्मा, एशियन पेंट्स, टाटा मोटर्स और इंडसइंड बैंक बढ़त के साथ खुले। विशेषज्ञों के अनुसार, निफ्टी का अगला सपोर्ट लेवल 22,100-22,500 के बीच हो सकता है। वहीं, 23,350-23,600 पर बाजार को प्रतिरोध का सामना करना पड़ सकता है।
शेयर बाजार के लिए कई अहम फैक्टर जो ला रहे गिरावट।
बाजार में गिरावट के 4 बड़े कारण
1. कमजोर तिमाही नतीजे
कंपनियों के Q3 के वित्तीय परिणाम कमजोर रहे, जिससे निवेशकों की धारणा प्रभावित हुई। कॉरपोरेट आय में केवल 7% की वृद्धि, जिससे उच्च वैल्यूएशन को लेकर चिंता।
2. रुपये में गिरावट
रुपया 86.76 प्रति डॉलर के करीब पहुंचा, जिससे आयात महंगा और महंगाई का खतरा बढ़ा। विदेशी निवेशकों की बिकवाली से मुद्रा पर दबाव बढ़ा।
3. वैश्विक व्यापार और अमेरिका की नीतियां
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की टैरिफ नीतियों को लेकर अनिश्चितता, जिससे वैश्विक बाजार में उथल-पुथल। निवेशक व्यापार नीति और कॉरपोरेट आय में सुधार का इंतजार कर रहे हैं।
4. विदेशी निवेशकों की भारी बिकवाली
2025 में अब तक ₹99,299 करोड़ की निकासी। फरवरी के पहले दो हफ्तों में ही ₹21,272 करोड़ की बिकवाली, जिससे बाजार पर दबाव।
निवेशकों के लिए सलाह
विशेषज्ञों का मानना है कि इस अस्थिर बाजार में सतर्क रहने की जरूरत है और जल्दबाजी में निवेश करने से बचना चाहिए।
डिस्क्लेमर : यहां शेयर बाजार में निवेश की सलाह नहीं दी गई है। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
