Ecos India Mobility & Hospitality IPO: इको (इंडिया) मोबिलिटी एंड हॉस्पिटैलिटी लिमिटेड आईपीओ के जरिए पैसे जुटाने के लिए पूंजी बाजार नियामक सेबी के पास शुरुआती दस्तावेज (DRHP) दाखिल किए हैं। दस्तावेजों के अनुसार आईपीओ पूरी तरह फाउंडर्स राजेश लूंबा और आदित्य लूम्बा द्वारा 1.8 करोड़ इक्विटी शेयरों की बिक्री पेशकश (ओएफएस) पर आधारित होगी। इसमें किसी तरह के नए शेयर नहीं हैं। फिलहाल फाउंडर्स और फाउंडर्स ग्रुप की यूनिट्स के पास कंपनी की 100 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
पूरी तरह से ओएफएस है IPO
ओएफएस होने की वजह से आईपीओ से होने वाली कमाई का कोई हिस्सा कंपनी को नहीं मिलेगा और यह अमाउंड शेयर बेचने वाले फाउंडर्स को मिलेगा।
कौन है रजिस्ट्रार
इक्विरस कैपिटल और आईआईएफएल सिक्योरिटीज इश्यू के लिए मर्चेंट बैंकर हैं, जबकि लिंक इनटाइम इंडिया इश्यू के लिए रजिस्ट्रार है।
क्या काम करती है कंपनी
कंपनी 25 सालों से ज्यादा समय से कॉरपोरेट ग्राहकों को चालक के साथ कार किराये (सीसीआर) पर दे रही है और कर्मचारी परिवहन सेवाएं (ईटीएस) प्रदान कर रही है। यह विकलांग लोगों के लिए सामान ढुलाई के लिए विशेष प्रकार की वैन के अलावा लिमोजिन और विंटेज वाहन भी उपलब्ध कराती है। इसके बेड़े में किफायती से लेकर लग्जरी कारों तक 9,000 से अधिक वाहन हैं।
कैसी रही फाइनेंशियल रिपोर्ट
लूम्बा परिवार के स्वामित्व वाली कंपनी ने मार्च वित्त वर्ष 2023 को समाप्त वर्ष में नेट प्रॉफिट में 341.6 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई थी। इसी अवधि में परिचालन से इसका राजस्व 187 प्रतिशत बढ़कर 422.7 करोड़ रुपये था। पिछले वित्तीय वर्ष के दौरान EBITDA पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में 16.5 प्रतिशत पर 420 बीपीएस के मार्जिन विस्तार के साथ 286.3 प्रतिशत बढ़कर 69.7 करोड़ रुपये रही।
डिस्क्लेमर : यहां शेयर बाजार में निवेश की सलाह नहीं दी गई है। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
