Gold-Silver Future Outlook: बीते हफ्ते सोने और चांदी की कीमतों में बढ़ोतरी दर्ज की गई। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट (ibjarates.com) के मुताबिक शुक्रवार 2 अगस्त को सोने के रेट 70392 रु पर बंद हुए, जो उससे पिछले शुक्रवार 26 जुलाई को 68800 रु पर बंद हुए थे। यानी बीते हफ्ते सोने की कीमतों में 1592 रु का इजाफा हुआ। इसी दौरान चांदी की कीमत भी 82192 रु से 83501 रु पर पहुंच गई है। कस्टम ड्यूटी घटाए जाने से इनके दाम घटे थे, जो कुछ हद तक संभल गए हैं। आगे सोने और चांदी के रेट कहां पहुंच सकते हैं और कीमतों को प्रभावित करने वाले कौन से फैक्टर रहेंगे, आगे जानिए।
सोना-चांदी का फ्यूचर आउटलुक
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फिजिकल मार्केट में सोने करेगा वापसी
जानकारों का मानना है कि फिजिकल मार्केट में सोने की कीमतों के वापसी करने के संकेत दिख रहे हैं। कस्टम ड्यूटी घटाने से सोने-चांदी के दाम कुछ दिन घटे, मगर अब रिकवरी होने लगी है। चीन में सोने की डिमांड का बढ़ना भी सोने के लिए पॉजिटिव संकेत है।
चीन में पहली तिमाही में खरीदारी उम्मीद से बेहतर रही। वहीं दूसरी तिमाही में धमाकेदार खरीदारी होने की उम्मीद है।
गोल्ड ईटीएफ में इन्फ्लो भी पॉजिटिव
गोल्ड ईटीएफ में भी निवेश तेज बना हुआ है। पिछले सप्ताह केवल चार दिनों में 16 टन नेट इन्फ्लो दर्ज किया गया। जुलाई में नेट इन्फ्लो 47 टन हो गया। यानी कुल मिलाकर आगे गोल्ड के लिए कुछ पॉजिटिव संकेत हैं। कुछ अहम फैक्टरों पर नजर रखें।
कौन से फैक्टर रहेंगे
- ड्यूटी घटाने से गोल्ड की तस्करी घटेगी
- मध्य-पूर्व में चल रही लड़ाई के अलावा रूस-यूक्रेन युद्ध
- वैश्विक इकोनॉमी की हालत
- अमेरिका में ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद
चांदी को लेकर क्या है माहौल
सोने के उलट चांदी को बेस मेटल्स मार्केट में कमजोरी के कारण कठिन बाजार स्थितियों का सामना करना पड़ रहा है। चांदी में सोने के मुकाबले कम तेजी दिखी है। हालांकि आगे चांदी को लेकर पॉजिटिव आउटलुक है। इसे इंडस्ट्री डिमांड से फायदा मिल सकता है।
