कोई भी व्यक्ति होम लोन (Home Loan) आमतौर पर 15 से 30 साल जैसी लंबी अवधि के लिए लेता है। ऐसे में ब्याज दर में मामूली बदलाव भी कुल भुगतान पर बड़ा असर डाल सकता है। कई बार अलग-अलग बैंकों और वित्तीय संस्थानों की ब्याज दरों में अंतर देखने को मिलता है। ऐसे में सवाल यह कि अगर कोई दूसरा बैंक कम ब्याज दर पर होम लोन ऑफर कर रहा है तो क्या अपने मौजूदा लोन को ट्रांसफर कर देना चाहिए? इस आर्टिकल में आपके इसी सवाल का जवाब देने जा रहे हैं-
होम लोन की ब्याज दर (Photo: iStock)
बैंकों की ब्याज दरों में कितना अंतर?
वर्तमान में प्रमुख बैंक की होम लोन पर ब्याज दरों (Home loan interest rates) की बात करें तो 30 लाख रुपये तक के होम लोन पर ब्याज दरें 7.10 प्रतिशत से 8 प्रतिशत के बीच बनी हुई हैं। अलग-अलग बैंकों के बीच करीब 0.90 प्रतिशत (90 बेसिस प्वाइंट) का अंतर बना हुआ है। पहली नजर में यह अंतर छोटा लग सकता है, लेकिन लंबे समय के होम लोन में इसका प्रभाव काफी बड़ा हो सकता है।
0.50 प्रतिशत कम ब्याज कितना फायदा पहुंचाएगा?
ब्याज दर में मात्र 0.50 प्रतिशत का अंतर आपके लाखों रुपये कैसे बचा सकता है इसे एक उदाहरण के जरिए समझने की कोशिश करते हैं। मान लीजिए किसी व्यक्ति ने 22 साल के लिए 50 लाख रुपये का होम लोन 7.5 प्रतिशत ब्याज दर पर लिया है और कोई दूसरा बैंक यही लोन 7 प्रतिशत की दर पर देने को तैयार है तो मंथली ईएमआई दोनों केस में अलग-अलग होगी। 7.5 प्रतिशत ब्याज दर पर लगभग 38,726 रुपये ईएमआई देनी होगा। वहीं, 7 प्रतिशत ब्याज दर पर यही ईएमआई 37,171 रुपये हो जाएगी। यानी अलग-अलग ब्याज दर के साथ मंथली ईएमआई को लेकर करीब 1500 रुपये का अंतर देखने को मिलता है। इतना ही नहीं, पूरे लोन टेन्योर में ब्याज पर लगभग 3.9 लाख रुपये की बचत भी हो सकती है। लंबे समय वाले लोन में ब्याज दर का असर ज्यादा दिखाई देता है, क्योंकि ब्याज का भुगतान कई वर्षों तक किया जाता है। अगर उधारकर्ता कम ब्याज दर मिलने के बाद भी पुरानी EMI का भुगतान जारी रखे और अतिरिक्त राशि को मूलधन चुकाने में लगाए, तो बचत और भी बढ़ सकती है।
| विवरण | 7.5% ब्याज दर | 7.0% ब्याज दर |
|---|---|---|
| लोन राशि | ₹50,00,000 | ₹50,00,000 |
| लोन अवधि | 22 वर्ष | 22 वर्ष |
| मासिक EMI | ₹38,726 (लगभग) | ₹37,171 (लगभग) |
| EMI में अंतर | - | ₹1,555 प्रति माह कम |
| कुल संभावित बचत | - | लगभग ₹3.9 लाख ब्याज की बचत |
क्या हर बार लोन ट्रांसफर कर देना चाहिए?
हालांकि, केवल कम ब्याज दर देखकर लोन ट्रांसफर करने का फैसला नहीं लेना चाहिए। किसी दूसरे बैंक में लोन शिफ्ट करने से पहले प्रोसेसिंग फीस, कानूनी शुल्क, दस्तावेजी खर्च और अन्य ट्रांसफर लागतों का आकलन करना जरूरी है। अगर कुल बचत इन खर्चों से काफी अधिक है तभी यह कदम फायदेमंद माना जा सकता है।
