Diwali Flight Ticket Prices : इस बार दिवाली पर घर जाने की तैयारी कर रहे लोगों को हवाई सफर के लिए अपनी जेब काफी ढीली करनी पड़ रही है। त्योहारी सीजन के कारण अचानक बढ़ी यात्रियों की भीड़ ने हवाई किरायों को रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा दिया है। खासतौर पर दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु जैसे बड़े शहरों से पटना और वाराणसी जैसे गृहनगरों को जोड़ने वाले उड़ानों के किरायों में बेतहाशा बढ़ोतरी देखी जा रही है। स्थिति यह है कि देश के भीतर एक तरफ का हवाई टिकट किसी अंतरराष्ट्रीय उड़ान के आने-जाने के टिकट से भी महंगा बिक रहा है।
दिवाली पर घर जाना हुआ महंगा, पटना-वाराणसी का हवाई किराया पहुंचा आसमान पर
पटना का हवाई किराया 4 गुना तक बढ़ा
दिवाली से ठीक पहले की तारीखों में दिल्ली से पटना जाने वाली एक तरफ की फ्लाइट का किराया 21,400 रुपये तक पहुंच गया है, जबकि सामान्य दिनों में यह किराया महज 4,000 से 5,000 रुपये के बीच रहता है। वहीं, मुंबई से पटना की सीधी फ्लाइट का किराया पीक तारीखों पर 35,000 रुपये के आंकड़े को पार कर चुका है। इसी तरह बेंगलुरु से पटना जाने वाले यात्रियों को एक तरफ के टिकट के लिए 25,000 रुपये से अधिक चुकाने पड़ रहे हैं। यात्रा से जुड़े डेटा प्लेटफॉर्म 'कोट्रैव' के अनुसार, इस साल त्योहारी सीजन में पटना जाने वाली उड़ानों के किरायों में सामान्य दरों की तुलना में 300 से 435 प्रतिशत तक की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
अन्य मेट्रो शहरों के किरायों में भी उछाल
केवल पटना ही नहीं, बल्कि देश के अन्य प्रमुख घरेलू रूटों पर भी हवाई किरायों में अच्छी-खासी तेजी आई है। आंकड़ों के मुताबिक, सितंबर से नवंबर के दौरान दिल्ली-हैदराबाद रूट पर किरायों में 68 प्रतिशत, मुंबई-कोलकाता रूट पर 51 प्रतिशत, दिल्ली-गोवा रूट पर 39 प्रतिशत और मुंबई-बेंगलुरु रूट पर 37 प्रतिशत तक का इजाफा देखा गया है। त्योहार के दौरान एक साथ लाखों लोगों के सफर करने से मांग और आपूर्ति का संतुलन बिगड़ गया है, जिसका सीधा असर टिकट की कीमतों पर पड़ रहा है।
घर जाने से सस्ती पड़ रही है विदेश यात्रा
इस त्योहारी सीजन में हवाई किरायों का सबसे दिलचस्प पहलू यह है कि भारत के भीतर सफर करने के मुकाबले दक्षिण-पूर्व एशिया और मध्य पूर्व के देशों की यात्रा करना सस्ता साबित हो रहा है। उदाहरण के लिए कोलकाता से बैंकॉक का आने-जाने (रिटर्न) का फ्लाइट टिकट करीब 26,234 रुपये में मिल रहा है। वहीं, बेंगलुरु से कोलंबो की रिटर्न टिकट 24,079 रुपये और मुंबई से दुबई की रिटर्न टिकट करीब 25,213 रुपये में उपलब्ध है। दिल्ली से सिंगापुर का आने-जाने का किराया 35,834 रुपये के आसपास है। यानी जितने पैसे में कोई व्यक्ति मुंबई से पटना की एक तरफ की यात्रा कर रहा है, उतने ही बजट में वह विदेश जाकर वापस भी लौट सकता है। इसी वजह से इस साल त्योहारी छुट्टियों में अंतरराष्ट्रीय बुकिंग में करीब 33 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी जा रही है।
आखिर क्यों महंगे हो रहे हैं हवाई टिकट?
एक्सपर्ट्स के मुताबिक, हवाई किरायों में इस रिकॉर्ड उछाल के पीछे दो मुख्य कारण हैं, विमान ईंधन (एटीएफ) की बढ़ती कीमतें और एक ही समय पर मांग का अचानक बढ़ जाना। मनीकंट्रोल के मुताबिक कोट्रैव के सह-संस्थापक और सीटीओ विनोद कुमार शाह ने बताया कि एयरलाइंस के कुल संचालन खर्च में करीब 40 प्रतिशत हिस्सा ईंधन का होता है। पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) में चल रहे तनाव के कारण वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की आपूर्ति प्रभावित हुई है, जिससे भारत में भी विमान ईंधन महंगा हो गया है। इसके अलावा, हवाई क्षेत्र पर लगे प्रतिबंधों और लंबे मार्गों से उड़ानों के संचालन के कारण भी एयरलाइंस की लागत बढ़ी है, जिसकी भरपाई यात्रियों से ईंधन सरचार्ज बढ़ाकर की जा रही है।
