Home loan mistakes: पहली बार घर खरीदना हर किसी के लिए एक बड़ा सपना होता है, लेकिन होम लोन चुनते समय कई लोग ऐसी गलतियां (Home Loan Mistakes) कर बैठते हैं, जो आगे चलकर आर्थिक बोझ का कारण बन जाती हैं। आपके साथ ऐसा न हो इसके लिए होम लोन ले रहे हैं तो कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखने की सलाह दी जाती है-
Home Loan (Photo: iStock)
Home Loan (Photo: iStock)
सही होम लोन
होम लोन (Home Loan) को लेकर सबसे पहली गलती सही होम लोन न चुनना ही होती है। कई लोग जल्दी लोन मिलने के चक्कर में यह नहीं देखते कि उन्हें फिक्स्ड या फ्लोटिंग रेट में से कौन सा विकल्प लेना चाहिए। फिक्स्ड रेट लोन में EMI तय रहती है, जबकि फ्लोटिंग रेट समय के साथ बदलता है। बिना समझे चुनाव करने से आपका बजट बिगड़ सकता है।
हिडन चार्जेस
होम लोन को लेकर दूसरी आम गलती छिपे हुए चार्जेस को नजरअंदाज करना होती है। प्रोसेसिंग फीस के अलावा टेक्निकल और लीगल चार्जेस, मॉर्गेज रजिस्ट्रेशन (MODT) और इंश्योरेंस जैसे खर्च भी होते हैं। ये कुल लोन राशि का 1–2% तक हो सकते हैं, इसलिए पहले से पूरी लागत समझना जरूरी है।
लोन की एलिजिबिलिटी
कई लोग सिर्फ अपनी सैलरी के आधार पर लोन की योग्यता (eligibility) का अनुमान लगाते हैं, जो गलत है। बैंक FOIR (Fixed Obligation to Income Ratio) के आधार पर तय करते हैं कि आप कितना EMI चुका सकते हैं। अगर आपके ऊपर पहले से लोन या क्रेडिट कार्ड का बकाया है, तो आपकी योग्यता कम हो सकती है।
लोन की अवधि
इसके अलावा, लोन की अवधि (tenure) चुनते समय भी सावधानी जरूरी है। छोटी अवधि में EMI ज्यादा होती है लेकिन कुल ब्याज कम लगता है, जबकि लंबी अवधि में EMI कम होती है लेकिन कुल ब्याज ज्यादा देना पड़ता है। इसलिए अपनी आय और खर्च के अनुसार एक सही विकल्प चुनना बेहतर होता है।
खराब या एवरेज क्रेडिट स्कोर
खराब या औसत क्रेडिट स्कोर के साथ लोन के लिए आवेदन करना भी महंगा साबित हो सकता है। कम स्कोर पर ब्याज दर ज्यादा लगती है। इसलिए आवेदन से पहले अपना CIBIL स्कोर सुधारना समझदारी है।
