Delhi International Leather Expo 2025: दिल्ली इंटरनेशनल लेदर एक्सपो (डीआईएलईएक्स) का आयोजन 20-21 फरवरी के बीच द्वारका में इंडिया इंटरनेशनल कन्वेंशन एंड एक्सपो सेंटर में होने जा रहा है। इसमें अलग-अलग देशों से 200 से ज्यादा अंतरराष्ट्रीय खरीदार भाग लेंगे। डिपार्टमेंट ऑफ कॉमर्स में ज्वाइंट सेक्रेटरी, विमल आनंद ने कहा कि दिल्ली इंटरनेशनल लेदर एक्सपो 20-21 फरवरी को द्वारका में इंडिया इंटरनेशनल कन्वेंशन एंड एक्सपो सेंटर (यशोभूमि) में आयोजित किया जाएगा। इसमें फुटवियर (लेदर और नॉन-लेदर दोनों), लेदर के कपड़े, लेदर के सामान और सहायक उपकरण, लेदर के दस्ताने और अन्य सहित उत्पादों की एक विस्तृत श्रृंखला प्रदर्शित की जाएगी।
दिल्ली इंटरनेशनल लेदर एक्सपो
200 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदार भाग लेंगे
उन्होंने आगे कहा कि यह हमारा छठवां दिल्ली इंटरनेशनल लेदर एक्सपो होने वाला है और यह आज तक का सबसे लेदर एक्सपो होगा। इसमें करीब 260 एक्जीबिटर्स शामिल होंगे और 200 से अधिक अंतरराष्ट्रीय खरीदार भाग लेंगे। काउंसिल ऑफ लेदर एक्सपोर्ट्स के अध्यक्ष, राजेंद्र के जालान ने आईएएनएस से कहा कि इस एक्सपो के जरिए हम अपनी इंडस्ट्री की ताकत को सबके सामने लाने की कोशिश करेंगे। अमेरिका से लेकर अफ्रीका तक 200 से ज्यादा खरीदार विदेश से आ रहे हैं। हमें उन्हें अपनी ताकत और क्षमता दिखानी है कि हम कितना आगे आ चुके हैं और इसके लिए हम अपने बेस्ट प्रोडक्ट्स को दिखाएंगे, जिससे कि आगे चलकर वे हमारे ब्रांड एंबेसडर बनें।
सरकार ने लेदर इंडस्ट्री को बढ़ावा देने के लिए कई सुधार लागू किए हैं। बजट 2024-25 में इंडस्ट्री की एक प्रमुख मांग को पूरा करते हुए गीले नीले चमड़े पर मूल सीमा शुल्क (बीसीडी) को 2 फरवरी 2025 से 10 प्रतिशत से घटाकर शून्य कर दिया गया है। इसके साथ ही क्रस्ट लेदर पर निर्यात शुल्क समाप्त कर दिया गया है।
22 लाख नौकरियां होंगी सृजित
इसके अतिरिक्त, विशेष रूप से फुटवियर क्षेत्र में विनिर्माण और निर्यात को सहयोग देने के लिए एक विशेष पैकेज पेश किया गया है, साथ ही उत्पादकता, गुणवत्ता और प्रतिस्पर्धात्मकता में सुधार लाने के उद्देश्य से एक फोकस उत्पाद योजना भी शुरू की गई है, जिससे 4 लाख करोड़ रुपए का व्यापार और 1.1 लाख करोड़ रुपए का निर्यात होगा और 22 लाख नौकरियां सृजित होंगी।
