Airbus: भारत को अगले 20 साल में 2,840 नए विमानों और 41,000 पायलटों की जरूरत होगी। एयरबस भारत और दक्षिण एशिया के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक रेमी मेलार्ड यह अनुमान जताते हुए कहा कि साथ ही देश में 47,000 तकनीकी कर्मचारियों की आवश्यकता भी होगी। उन्होंने विमानन सम्मेलन एवं प्रदर्शनी - 'विंग्स इंडिया 2024' के मौके पर संवाददाता सम्मेलन में कहा कि एयरबस इस दशक के अंत तक भारत से अपनी सोर्सिंग को मौजूदा 75 करोड़ अमेरिकी डॉलर से दोगुना कर 1.5 अरब डॉलर कर देगी।
एयरबस को मिला 750 विमानों का ऑर्डर
उन्होंने कहा कि पिछले साल एयरबस को 750 विमानों का ऑर्डर मिला और उसने भारतीय एयरलाइन कंपनियों को 75 विमानों की आपूर्ति की। इनमें 41 इंडिगो को, 19 एयर इंडिया को, 14 विस्तारा को और एक गो फर्स्ट को दिए गए।
दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बना रहेगा भारत
मेलार्ड ने कहा कि भारत एक ऐसी ताकत है, जो अगले दशकों में वैश्विक विमानन क्षेत्र को बल देगा। अनुमान है कि भारत को अपने बढ़ते विमानन बाजार की जरूरतों को पूरा करने के लिए अगले 20 वर्षों में 2,840 नए विमानों की जरूरत होगी। उन्होंने अनुमान जताया कि अगले 20 साल में भारत 6.2 प्रतिशत वार्षिक वृद्धि के साथ दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बना रहेगा। (भाषा)
