World Most Expensive Miyazaki Mango Grow Tips : आजकल दुनियाभर में जापान के मशहूर मियाजाकी आम (Japanese mango variety) की खूब चर्चा हो रही है। यह आम अपनी खास मिठास, गहरे लाल रंग और बेहद ऊंची कीमत के कारण जाना जाता है। बाजार में इसकी कीमत 2.5 से 3 लाख रुपये प्रति किलो तक पहुंच जाती है। आमतौर पर यह दुर्लभ किस्म केवल जापान में उगाई जाती है क्योंकि वहां का मौसम इसके लिए सबसे अनुकूल माना जाता है। लेकिन अब भारत में भी लोग इसे उगाने में सफल हो रहे हैं। भारतीय किसाान इस खास आम को उगाकर सबको चौंका दिया। खास बात यह रही कि शुरुआत में उन्हें इस आम की असली कीमत और पहचान के बारे में पता भी नहीं था।
दुनिया का सबसे महंगा आम कैसे उगाएं (तस्वीर-ANI/istock)
साधारण तरीके से शुरू की खेती
मियाजाकी आम के पौधे को किसी खास तकनीक से नहीं बल्कि सामान्य आम के पौधे की तरह ही लगाया जाता सकता है। इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि पौधे को पर्याप्त जगह मिले। इसके लिए उन्होंने बड़े ग्रो बैग या खुले खेत उगाया जा सकता है ताकि जड़ों का विकास अच्छी तरह हो सके। एक्सपर्ट्स के अनुसार, अगर पौधे की जड़ें मजबूत हों तो उसका विकास तेजी से होता है और फल भी अच्छे आते हैं।
पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी है सबसे जरूरी
मियाजाकी आम की अच्छी पैदावार के लिए मिट्टी का सही मिश्रण बेहद जरूरी माना जाता है। मिट्टी में कई प्राकृतिक चीजों का इस्तेमाल जाता है। उनके मिश्रण में गाय का गोबर, भेड़ की खाद, घर का बना दही और सब्जियों का कचरा शामिल करना चाहिए। यह मिश्रण पौधे को जरूरी पोषक तत्व देता है और उसकी वृद्धि को तेज करता है। किसान ने सलाह दी कि 50 प्रतिशत सामान्य मिट्टी में 50 प्रतिशत यह जैविक मिश्रण मिलाकर इस्तेमाल करना चाहिए। इससे पौधा स्वस्थ रहता है और फल बेहतर गुणवत्ता के आते हैं।
पौधे की शुरुआती देखभाल बेहद अहम
मियाजाकी आम का पौधा शुरुआती दिनों में बहुत देखभाल मांगता है। पौधे को सही मात्रा में पानी और धूप मिलना जरूरी है। अगर शुरुआत में पौधे की सही देखभाल की जाए तो बाद में उसका विकास तेजी से होता है। पौधे को रोजाना पर्याप्त धूप मिलनी चाहिए क्योंकि यह किस्म गर्म वातावरण में बेहतर तरीके से बढ़ती है। साथ ही ज्यादा पानी भरने से भी बचना चाहिए क्योंकि इससे जड़ें खराब हो सकती हैं।
रासायनिक दवाओं से दूर रखें पौधा
आजकल कई किसान पौधों को कीड़ों से बचाने के लिए रासायनिक दवाओं का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन इससे बचना चाहिए। केमिकल कीटनाशक पौधों और फलों दोनों के लिए नुकसानदायक होते हैं। इसलिए पौधों की सुरक्षा के लिए नीम के तेल का इस्तेमाल करना चाहिए। नीम का तेल प्राकृतिक कीटनाशक की तरह काम करता है और पौधों को कीड़ों से बचाने में मदद करता है। इससे पौधा स्वस्थ रहता है और फलों की गुणवत्ता भी बनी रहती है।
हर 30 दिन में देते हैं खास पोषण
मियाजाकी आम के पौधे को हर 30 दिन में विशेष जैविक मिश्रण देना चाहिए। इससे पौधे को लगातार जरूरी पोषण मिलता रहता है। नियमित पोषण मिलने से पेड़ मजबूत बनता है और फल उत्पादन बेहतर होता है। इस आम की खेती में धैर्य सबसे जरूरी चीज है क्योंकि पेड़ को फल देने में कई साल लग सकते हैं।
धैर्य और मेहनत से मिल सकती है सफलता
मियाजाकी आम की खेती आसान नहीं मानी जाती, लेकिन सही देखभाल और जैविक तरीकों से इसे उगाया जा सकता है। अगर पौधे को पर्याप्त धूप, पोषक मिट्टी और नियमित देखभाल मिले तो कुछ वर्षों बाद यह दुर्लभ और महंगा आम आपके बगीचे में भी फल दे सकता है। यही कारण है कि अब कई लोग इस खास जापानी आम की खेती में रुचि दिखा रहे हैं।
(डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी के लिए है, अगर आपको इसकी खेती करनी है तो कृषि एक्सपर्ट्स से संपर्क करें।)
