Kilauea volcano : अमेरिका के हवाई में स्थित किलाउआ ज्वालामुखी का फटना कोई नई बात नहीं है लेकिन इस बार इससे गर्म लावे का जो फव्वारा निकला है उसने अपने सभी रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। हवाई वॉलकेनो ऑब्जर्वेटरी का कहना है कि दिसंबर 2024 से इस ज्वालामुखी से गर्म लावा निकलना जारी है लेकिन बीते सोमवार को इसने नया इतिहास बना दिया। इस दन फव्वारा निकलने की 48 घटनाएं हुईं। यह किसी ज्वालामुखी से एक दिन में फव्वारे निकलने की सबसे ज्यादा घटना है।
हवाई के किलाउआ ज्वालामुखी से निकलता गर्म लावे का फव्वारा। तस्वीर-US Department of the Interior
बेहद आकर्षक है नारंगी रंग का फव्वारा
बता दें कि किलाउआ दुनिया के सबसे सक्रिय ज्वालामुखियों में से एक है। यह अपनी निरंतर गतिविधि और लावा के विशाल फव्वारों के लिए प्रसिद्ध है, जो हाल के वर्षों में कई बार सैकड़ों फीट की ऊंचाई तक फटे हैं। लेकिन इस बार इस ज्वालामुखी से लावा वाले फव्वारे की ऊंचाई और सौंदर्य चर्चा का विषय बन गए हैं। यूएस डिपार्टमेंट इंटीरियर की ओर से X पर जारी वीडियो में देखा जा सकता है कि ज्वालामुखी से निकलने वाला नारंगी रंग का फव्वारा अद्भुत और आकर्षक है। ज्वालामुखी फटने के बाद उससे निकलने वाले गर्म लावे का फव्वारा बेहद स्पष्ट और साफ है।
इसलिए खास है यह घटना
ऑब्जर्वेटरी की प्रवक्ता केटी मुलिकेन का कहना है कि कि यह किसी एक ज्वालामुखी विस्फोट के लिए अब तक दर्ज की गई सबसे अधिक विस्फोटक घटनाएं (एपिसोड्स) हैं। मुलिकेन ने कहा कि यह विस्फोट इसलिए भी खास है क्योंकि इसका स्थान लोगों के लिए काफी सुलभ है और बड़ी संख्या में लोग इसे देखने आ सकते हैं। इससे पहले रिकॉर्ड बनाने वाला विस्फोट लगभग साढ़े तीन वर्षों तक चला था, लेकिन वह अपेक्षाकृत दूर-दराज और कम पहुच वाले क्षेत्र में हुआ था।
क्यों फटता है ज्वालामुखी
ज्वालामुखी तब फटता है जब पृथ्वी के भीतर मौजूद मैग्मा, गैसें और अत्यधिक दबाव सतह की ओर बढ़ते हैं। दबाव बढ़ने पर चट्टानें टूट जाती हैं और लावा, राख, गैस तथा गर्म पदार्थ बाहर निकलते हैं। यह प्रक्रिया आमतौर पर टेक्टोनिक प्लेटों की गतिविधियों और पृथ्वी के आंतरिक ताप से जुड़ी होती है।
