US Iran Ceasefire: पश्चिम एशिया में लंबे समय से जारी तनाव के बीच अमेरिका और ईरान के बीच एक अहम कूटनीतिक प्रगति की रिपोर्ट्स सामने आई हैं। प्राप्त जानकारी के मुताबिक, अमेरिका और ईरान के बीच एक ड्राफ्ट समझौते पर सहमति बन गई है और अगले कुछ घंटों में इसका ऐलान हो सकता है।
अमेरिका-ईरान समझौते का अंतिम ड्राफ्ट तैयार (फोटो साभार: AI)
यह संभावित समझौता ऐसे समय में सामने आया है जब पश्चिम एशिया में युद्ध और सैन्य टकराव की आशंकाएं लगातार बढ़ती जा रही थीं। अमेरिका, ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव ने पूरी दुनिया की चिंता बढ़ा दी हैं। ऐसे में अगर दोनों देशों के बीच समझौते का आधिकारिक ऐलान हो गया और होर्मुज पर बिना किसी रोक-टोक की आवाजाही सुनिश्चित होती है तो दुनियाभर के देशों के लिए यह राहत भरी बात होगी। ऐसा इसलिए भी है, क्योंकि होर्मुज स्ट्रेट से दुनिया भर के देशों को 20 फीसदी तेल का आपूर्ति होती है।
ड्राफ्ट में क्या-क्या है प्रस्ताव
ड्राफ्ट समझौते के तहत सभी मोर्चों पर तत्काल और व्यापक युद्धविराम लागू करने का प्रस्ताव रखा गया है। रिपोर्ट्स के अनुसार, दोनों पक्ष संघर्ष रोकने और आगे किसी सैन्य कार्रवाई से बचने पर सहमत हुए हैं। हालांकि, अभी तक इसकी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। ईरानी मीडिया के मुताबिक, दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के बुनियादी ढांचे को निशाना न बनाने का वादा किया है।
होर्मुज में स्वतंत्र आवाजाही
समझौते में फारस की खाड़ी और होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने की बात कही गई है। इसके लिए एक संयुक्त निगरानी तंत्र बनाने का प्रस्ताव भी शामिल है, जो समुद्री मार्गों की सुरक्षा और व्यापारिक जहाजों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करेगा। रिपोर्ट के अनुसार, ईरान द्वारा समझौते की शर्तों का पालन करने के बदले उस पर लगे प्रतिबंधों को धीरे-धीरे हटाया जाएगा। वहीं, बाकी बचे विवादित मुद्दों पर बातचीत अधिकतम सात दिनों के भीतर शुरू की जाएगी।
