यूक्रेन वॉर पुतिन में अब अपने स्टील आर्मी डिप्लॉय करने वाली है जिसने जेलेंस्की से लेकर बाइडेन को परेशान कर रखा है पुतिन की इस आर्मी को रक्तबीज क्यों कहा जा रहा है।रूस यूक्रेन के युद्ध को करीब 9 महीने हो रहे हैं। WW3 की ओर बढ़ रही इस जंग के 2 चैप्टर्स पुतिन लिख चुके हैं। पहला चैप्टर पुतिन के प्रहार का दूसरा चैप्टर दोनों सेनाओं में आर पार काऔर फाइनल चैप्टर है परमाणु जंग का, जिसे पुतिन ने फिलहाल पोस्टपोन कर रखा है। लेकिन पुतिन ने जंग में थर्ड चैप्टर खोल दिया है। वो चैप्टर है दुश्मन को ज्यादा से ज्यादा नुकसान पहुंचाने का है उसके आत्मविश्वास को खंड-खंड कर देने का। पुतिन ने इसके लिए रक्तबीजों की ऐसी फौज तैयार की है। गोली जिनकी जान नहीं ले सकती है न वो आग से जलाए जा सकते हैं न पानी में डुबोकर मारे जा सकते हैं। WW3 के थर्ड चैप्टर से पूरी दुनिया दहली हुई है।
कौन हैं पुतिन के रक्तबीज
पुतिन के रक्तबीज ऐसे हैं कि जिनपर पार पाना दुश्मन के लिए असंभव है। सबसे पुतिन के रक्तबीजों में शामिल है।। यूरान-9, यूरान-6, रोबो डॉग, मिलिट्री रोबोट और वॉटर रोबोट पुतिन के ये रक्तबीज ऐसे हैं जिनका तोड़ दुश्मन के पास है ही नहीं। हम आपको पुतिन के इन रक्तबीजों का पराक्रम भी बताएंगे उससे पहले जान लीजिए कि रूस का वो दावा जिसने अमेरिका से ब्रिटेनजर्मनी से यूक्रेन तक की नींद उड़ा दी है।. पुतिन का दावा है कि उनके रक्तबीजों इन पर विजय पाना इनका विनाश करना यानि इन्हें हराना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन है।रूस ने कन्वेंशनल वॉरफेयर से कहीं आगे बढ़ते हुए रोबो सैनिकों की ऐसी फौज तैयार की है.. जिनके बैटल फील्ड में उतरने का मतलब है।
एक मरेगा, 10 होंगे पैदा
दुश्मन जितने रोबोटिक सोल्जर्स मारेगा रूस उनसे कई गुना ज्यादा रोबो सोल्जर्स तैयार करके जंग में उतार देगा यानि एक रोबो सोल्जर के खात्मे का मतलब है.. उससे ज्यादा एडवांस्ड कई रोबो सोल्जर्स के जंग में उतरने की पक्की गारंटी रूस अपने इंसानी लड़ाकों की जगह इन रोबो सोल्जर्स या रक्तबीजों को जंग में उतारने की तैयारी कर रहा है जिससे बाइडेन को डर लग रहा है।जेलेन्स्की ने अपनी रणनीति बदल दी है। क्योंकि गोली से इंसान को मारा जा सकता है लेकिन रोबोट्स को नहीं मारा जा सकता है।
