Russia Ukraine War: रूस और यूक्रेन के बीच साढ़े चार साल से युद्ध छिड़ा हुआ है और अमेरिका की लाख कोशिशों के बावजूद अभी तक इस युद्ध का कोई स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है। आए दिन दोनों देश एक-दूसरे पर सैन्य बढ़त हासिल करने के मकसद से ड्रोन और मिसाइलें दाग रहे हैं। इस बीच, अमेरिकी सीनेट ने शुक्रवार को रूस की कमर तोड़ने वाला एक विधेयक पारित किया है।
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (फाइल फोटो)
अमेरिकी सीनेट ने रूस पर कड़े प्रतिबंध लगाने वाले एक विधेयक को भारी बहुमत से मंजूरी दे दी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह विधेयक रूस के खिलाफ प्रतिबंधों को और सख्त करने तथा यूक्रेन युद्ध को लेकर राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन पर दबाव बढ़ाने की दिशा में एक बड़े कदम के तौर पर देखा जा रहा है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस प्रतिबंध पैकेज को आगे बढ़ाने के लिए दिवंगत सीनेटर लिंडसे ग्राहम ने करीब एक साल तक अभियान चलाया था। उनका उद्देश्य रूस के खिलाफ अमेरिकी समर्थन को सुदृढ़ करने और लंबे समय से जारी युद्ध के बीच रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन पर युद्ध समाप्त करने के लिए दबाव बढ़ाना था।
विधेयक के पक्ष में कितने वोट पड़े?
द्विदलीय समर्थन वाले इस विधेयक को सीनेट में 86-11 वोटों से मंजूरी मिली। द्विदलीय समर्थन का मतलब ऐसे विधेयक से है, जिसे अमेरिका के दोनों प्रमुख दलें डेमोक्रेट्स और रिपब्लिकन्स के सदस्यों का समर्थन प्राप्त है। इस विधेयक का उद्देश्य उन देशों पर भी आर्थिक दबाव डालना है, जो रूस से तेल, गैस और अन्य उत्पाद खरीदना जारी रखते हैं।
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यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है जब यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने लिंडसे ग्राहम के अंतिम संस्कार के कुछ घंटे बाद अमेरिकी कैपिटल का दौरा किया था। उन्होंने दोनों दलों के सीनेटरों से मुलाकात की और पिछले सप्ताह सीनेट में इस व्यापक प्रतिबंध विधेयक पर हुई शुरुआती प्रक्रियात्मक वोटिंग को गैलरी से देखा था।
