Khalistan Supporters in America: खालिस्तान समर्थक और वारिस दे पंजाब का मुखिया अमृतपाल सिंह भगोड़ा है। वो जान बचाने के लिए इधर उधर भाग रहा है। पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है। लेकिन उसके समर्थक कभी लंदन तो कभी अमेरिका में भारत विरोध का नारा बुलंद कर रहे हैं। लंदन में भारतीय हाईकमीशन के बाहर किस तरह से उन्होंने ब्रिटिश कानून का माखौल उड़ाते हुए प्रदर्शन किया। ठीक वैसे अमेरिका में खालिस्तान समर्थकों ने भारतीय दूतावास के बाहर प्रदर्शन करते हुए भारतीय राजदूत तरनजीत सिंह संधू को धमकी दी।
तरनजीत सिंह संधू, अमेरिका में भारत के राजदूत
खालिस्तानी समर्थकों ने दी धमकी
खालिस्तानियों ने कहा कि पाखंड का अंत होगा और दूतावास के अधिकारियों और कर्मचारियों को भागने के लिए जगह नहीं मिलेगा।एक दिन आएगा जब आप के कार के शीशे टूटेंगे। इसके साथ ही खालिस्तानी समर्थकों ने जिंदाबाद का नारा लगाते हुए कहा कि भारत सरकार देश के अलग अलग हिस्सों में लोगों को मार रही है।डीसी मैरीलैंड-वर्जीनिया के अलग अलग हिस्सों से खालिस्तानी समर्थक इकट्ठा हुए थे। वे अंग्रेजी और पंजाबी भाषा में भारत सरकार के खिलाफ जहर उगल रहे थे। इसके साथ ही पंजाब पुलिस पर मानवाधिकार उल्लंघन का आरोप लगा रहे थे।इससे पहले सैन फ्रांसिस्को में भारतीय कंसुलेट के बाहर खालिस्तानी समर्थकों ने धरना प्रदर्शन किया था और भारत विरोध में नेताओं ने जहर उगला था।
भारतीय अधिकारियों-कर्मचारियों की करेंगे हिफाजत
संयुक्त राज्य अमेरिका ने अलगाववादी सिखों के एक समूह द्वारा सैन फ्रांसिस्को में भारतीय वाणिज्य दूतावास पर हमले की कड़ी निंदा करते हुए इसे बिल्कुल अस्वीकार्य बताया। सैन फ्रांसिस्को में भारतीय वाणिज्य दूतावास पर हमले और अमेरिका के भीतर राजनयिक सुविधाओं के खिलाफ किसी भी हमले की निंदा की है। अमेरिका ने इन सुविधाओं के साथ-साथ उनके भीतर काम करने वाले राजनयिकों की सुरक्षा और सुरक्षा का बचाव करने का वचन दिया है। संयुक्त राज्य अमेरिका भारतीय वाणिज्य दूतावास के खिलाफ हमले और संयुक्त राज्य अमेरिका के भीतर राजनयिक सुविधाओं के खिलाफ किसी भी हमले की निंदा करता है। अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता ने एएनआई को बताया, हम इन सुविधाओं के साथ-साथ उनके भीतर काम करने वाले राजनयिकों की सुरक्षा की रक्षा करने की प्रतिज्ञा करते हैं।अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जेक सुलिवन ने ट्विटर के जरिए कहा कि अमेरिका सैन फ्रांसिस्को में भारतीय वाणिज्य दूतावास के खिलाफ हिंसा की कार्रवाई की निंदा करता है। उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका भारतीय राजनयिकों की सुरक्षा और सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
