मिडिल ईस्ट में जारी भीषण तनाव के बीच ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई ने रविवार को हिजबुल्लाह के रुख और दृढ़ता की जमकर सराहना की है। प्रेस टीवी की ओर से जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, ईरानी सुप्रीम लीडर ने हिजबुल्लाह के प्रतिरोध को दुनिया भर के उत्पीड़ित समुदायों के लिए मुक्ति की एक किरण करार दिया।
मोजतबा खामेनेई ने अमेरिका-इजरायल को घेरा (फाइल फोटो)
हिजबुल्लाह लड़ाकों द्वारा भेजे गए निष्ठा पत्र का जवाब देते हुए अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई ने कहा कि यह आंदोलन इजरायल और उसके सहयोगियों के "जंगली आक्रामकता" के सामने 'एक अटूट चट्टान' की तरह डटकर खड़ा है।
"जिहाद और प्रतिरोध ही एकमात्र रास्ता": मुजतबा खामेनेई
ईरानी सर्वोच्च नेता ने अमेरिका और इजरायल पर निशाना साधते हुए कहा कि दुनिया भर के राष्ट्र अब अमेरिकी सरकार और अपराधियों के अत्याचारों से तंग आ चुके हैं। मोजतबा ने कहा कि पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई और इमाम खोमेनी की विरासत पर चलते हुए, ईरान हिजबुल्लाह के इन योद्धाओं की रक्षा को अपना रणनीतिक जनादेश मानता है। अब जिहाद और प्रतिरोध के अलावा कोई दूसरा रास्ता नहीं बचा है और अंतिम जीत हमारी ही होगी।
खामेनेई ने स्पष्ट किया कि लेबनान की क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा और इजरायली आक्रामकता की बिना शर्त समाप्ति ही युद्ध समाप्त करने के लिए किसी भी समझौते की प्राथमिक शर्त होगी। उन्होंने शहीद हुए पूर्व महासचिव सैय्यद हसन नसरल्लाह को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उनके बलिदानों ने हिजबुल्लाह को एक छोटे पौधे से एक विशाल वृक्ष बना दिया है।
लेबनान संकट पर कतर की कूटनीतिक पहल
एक तरफ जहां ईरान ने सैन्य व रणनीतिक समर्थन दोहराया है, वहीं कतर ने लेबनान में जारी मानवीय संकट को हल करने के लिए कूटनीतिक प्रयास तेज कर दिए हैं। रविवार को कतर के विदेश राज्य मंत्री मोहम्मद बिन अब्दुलअजीज बिन सालेह अल खुलैफी ने लेबनान के उप प्रधानमंत्री तारेक मित्री से टेलीफोन पर बातचीत की। कतरी विदेश मंत्रालय के X पोस्ट के अनुसार, दोनों नेताओं ने लेबनान में बेघर हुए लोगों की समस्याओं को हल करने और उनकी सम्मानजनक वापसी के लिए सही माहौल बनाने पर चर्चा की। कतर के विदेश राज्य मंत्री ने लेबनानी राज्य संस्थानों को मजबूत करने और देश में सुरक्षा व स्थिरता बहाल करने के प्रयासों के प्रति कतर के पूर्ण समर्थन की पुष्टि की।
